- बच्चों को लुभा रही कार्टून करेक्टर वाली राखियां
- 11 अगस्त को मनाया जाएगा रक्षाबंधन का पर्व
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: भाई-बहन के प्रेम का प्रतीक रक्षाबंधन का त्योहार करीब आ गया है। बाजार में राखी और उपहारों की दुकानें सजने लगी है। इसके साथ खरीदारों की चहल-पहल भी बढ़ गई है।
शहर के कचहरी रोड, सदर बाजार, सुभाष बाजार, बेगमपुल, सेंट्रल मार्किट आदि में राखियों की दर्जनों स्टालें लग चुकी है। आकर्षक डिजाइनों में तरह तरह की राखियां ग्राहकों को आकर्षित कर रही हैं।
इस बार बाजार में फैंसी राखियों की है बड़ी रेंज
नन्हीं कलाईयों पर इस बार बाल हनुमान, छोटा भीम, नटखट कान्हा, के साथ डोरेमोन भी नजर आएंगे। दुकानों में कार्टून कैरेक्टर की राखियां भी खूब पसंद की जा रही है। पुरुषों के लिए लूंबी स्टाइल, ब्रेसलेट व फैंसी राखियों का अधिक डिमांड है। राखियों की कीमत 20 रुपये से लेकर 300 रुपये तक है। इसकी आकर्षक पैकिंग की गई है। दुकानदारों ने देसी राखी को प्राथमिकता देते हुए दुकानें सजाई है।

ग्राहकों का कहना है कि बाजार में इस बार फैंसी राखियों की बड़ी रेंज मौजूद है। बहनें बड़े शौक से अपनी पसंद की राखी खरीदने में जुटी है। बता दें कि पिछले साल रक्षाबंधन के वक्त कोरोना संक्रमण के चलते राखियां का कारोबार प्रभावित हुआ था। इस बार कोरोना का प्रकोप कम है और बाजार इससे उत्साहित नजर आ रहा है। दुकानदारों को अच्छे कारोबार की उम्मीद है।
रक्षाबंधन पर मंहगाई का असर
सदर बाजार राखी विक्रेता रोशन कुमार बताते हैं कि कोलकत्ता से स्वदेशी राखियां बिक्री के लिए मंगाई गई है। सबसे ज्यादा नग और क्रिस्टल वाली राखियां खरीदी जा रही है। रेशम राखी 20 से 30 रुपये, नग वाली राखी 40 से 200 रुपये तक, मोती वाली राखी 30 से 100 रुपये तक, क्रिस्टल और चांदी के पानी चढ़ी राखियां 150 से 300 रुपये तक बिक रही है। हालांकि, उपहार वाली राखियों का दाम अधिक है। महंगाई का असर रक्षाबंधन त्योहार पर भी दिखाई दे रहा है। राखियों के दाम पहले की अपेक्षा 10 से 15 प्रतिशत अधिक है।

