- रेलवे स्टेशन पर ट्रेवलर्स होटल और ढाबा संचालकों को भारी नुकसान
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: लॉकडाउन अवधि से बंद पड़े रेलवे स्टेशन व्यापारियों के व्यापार को अभी तक राहत नहीं मिल पाई है। जहां एक ओर सभी काम-काज शुरु हो गए हैं और स्कूल कालेजों के साथ बसों का संचालन भी किया जा रहा है, लेकिन अभी तक मेरठ से रेलों का संचालन शुरु नहीं हो सका है। इससे यहां व्यापार करने वाले व्यापारियों का काम ठप ही पड़ा है।
दरअसल, स्टेशन पर दुकान चलाने वाले व्यापारियों की रोजी रोटी रेलों में यात्रा करने वाले यात्रियों के भरोसे ही चलती है। लेकिन रेल संचालन बंद होने के कारण अब आजीविका चलाने का भी संकट आन पड़ा है। व्यापारियों ने बताया कि उन्हें उम्मीद थी कि त्योहार के सीजन में रेलों का संचालन शुरु कर दिया जाएगा और जीवन यापन करने के लिए कुछ राहत मिलेगी, लेकिन यह आस भी टूट गई।

त्योहार के समय में कुछ विशेष रेलों को ही चलाया गया। जिससे थोड़ी कमाई हो सकी। लेकिन, आम दिनों में होने वाली कमाई के मुकाबले यह बेहद कम ही है। त्योहार स्पेशल ट्रेनों को भी सीजन के जाने के बाद बंद कर दिया गया। स्टेशन पर होटल, ढाबा, ट्रेवलर्स आदि दुकान चलाने वाले व्यापारियों का काम यात्रियों के भरोसे ही चलता है। यात्रियों से खचाखच भरा रहने वाले मेरठ का सिटी स्टेशन इन दिनों सुनसान दिखाई पड़ता है।
व्यापारी खाली दुकानों पर बैठे और बिना काम काज के इधर-उधर टहलते ही नजर आते हैं। गौरतलब है कि अन्य शहरों से ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है। इसलिए सिटी स्टेशन से होकर गुजरने वाली ट्रेनों से ही कुछ यात्री आवाजाही कर रहे हैं, लेकिन सामान्य दिनों के मुकाबले ये संख्या भी न के बराबर ही है।
अनलॉक शुरु होने के बाद से अभी तक कोई फर्क हमारे कारोबार में नहीं दिखा है। यात्रियों के न आने के कारण खाली ही दुकान पर बैठना पड़ रहा है। -विनीत जिंदल
जब तक मेरठ से रेलों का संचालन शुरु नहीं होता हमारा काम भी सुचारू नहीं हो सकता है। लॉकडाउन के बाद से अब तक बहुत ही मुश्किल भरा समय गुजर रहा है। -राहुल
स्टेशन पर सिर्फ इक्का दुक्का लोग ही आ रहे हैं, जो बाहर से आने वाली ट्रेनों में सफर करते हैं। यहां से संचालन न होने की वजह से परेशानियों का सामना सभी को करना पड़ रहा है। ट्रेवलर्स का काम करने वाले अंकित ने कहा कि पहले टूर के लिए काफी बुकिंग होती थी, लेकिन अब न के बराबर ही है। -अंकित




