Tuesday, April 21, 2026
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दूसरे दिन भी निजीकरण के विरोध में बैंक कर्मचारी रहे हड़ताल पर

  • बैंको के बंद रहने से ग्राहकों को हुई परेशानी

जनवाणी संवाददाता |

नजीबाबाद: यूनाइटेड फोरम आफ बैंक यूनियन्स के आह्वान पर राष्ट्रीयकृत बैंकों की अखिल भारतीय हड़ताल की घोषणा को लेकर नजीबाबाद के सभी बैंककर्मी दूसरे दिन भी हड़ताल पर रहे। बैंक शाखाओं के बंद होने से ग्राहकों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।

मंगलवार को यूनाइटेड फोरम आफ बैंक यूनियन्स के आह्वान पर राष्ट्रीयकृत बैंकों की अखिल भारतीय हड़ताल का असर नगर की बैंक शाखाओं पर भी देखने को मिला। नजीबाबाद के सभी ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्र में बैंकों की शाखाओं में किसी भी प्रकार का लेन-देन और बैंकिंग कार्य नहींहुआ। बैंक कर्मचारियों ने भारतीय स्टेट बैंक की मुख्य शाखा के बाहर नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया।

बरेली जोन के क्षेत्रीय सहायक सचिव संतोष कुमार ने कहा कि भारत सरकार के बैंकों के निजीकरण के फैसले के विरोध में सभी बैंक अधिकारी और कर्मचारी वर्ग दो दिवसीय राष्ट्रव्यापी हड़ताल पर है। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा बैंकों को निजी हाथों में।सौंपने की दिखायी दे रही है।

जिससे बैंक भी आने वाले समय में।पूंजीपतियों के हाथों में पहुंच जाएगा। हड़ताल में भारतीय स्टेट बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, केनरा बैंक, बैंक आफ बड़ोदा, आरियंटल बैंक आफ कामर्स। बैंक आफ इंडिया, ओवरसीज बैंक समेत सभी राष्ट्रीयकृत बैंकों के क्षेत्र के ग्रामीण व नगर के बैंक शामिल हैं।

सभी बैंक अधिकारी व कर्मचारियों का कहना है कि यदि सरकार इस फैसले पर पुनर्विचार नहीं करती और निजीकरण का फैसला वापस नहीं लेती तो आने वाले समय में अनिश्चितकालीन हड़ताल के लिएबाध्य होंगे। इस मौके पर क्षेत्रीय सहायक सचिव बरेली जोन संतोष कुमार, सहायक सचिव उत्तर प्रदेश, सचिन कुमार, राघवेंद्र अत्री, लव कुमार, वसीम अहमद, सिद्धार्थ रावत, राजेश प्रसाद, जितेंद्र सैनी, अनुप्रिया सिंह। पायल अग्रवाल, शैली सक्सेना, मनोज कुमार, दिनेश कुमार, हुकम सिंह, नीरज वर्मा, धर्मेंद्र कुमार, कृष्ण कुमार, वेद प्रकाश, ललित कुमार, पवन कुमार आदि मौजूद रहे।

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