जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: दिल्ली एक बार फिर बम धमकी से दहशत में है। सोमवार सुबह राजधानी के कई स्कूलों और एक कॉलेज को बम से उड़ाने की धमकी मिली, जिससे छात्रों, अभिभावकों और प्रशासन के बीच अफरा-तफरी मच गई। सुरक्षा एजेंसियों ने तत्काल एक्शन लेते हुए संबंधित परिसरों को खाली कराया और तलाशी अभियान शुरू किया।
किन-किन संस्थानों को मिली धमकी?
दिल्ली पब्लिक स्कूल (डीपीएस), द्वारका
मॉडर्न कॉन्वेंट स्कूल, द्वारका
ब्लू बेल्स स्कूल, ग्रेटर कैलाश
दीप मॉडल स्कूल, सागरपुर
एक अज्ञात कॉलेज (सूत्रों के अनुसार धमकी भरा ईमेल मिला)
सभी जगहों पर बम स्क्वॉड, पुलिस और दमकल विभाग की टीमें जांच में जुट गई हैं। सुबह 7:24 बजे कंट्रोल रूम को पहली सूचना मिली थी।
क्या है घटना का सिलसिला?
बम की सूचना मिलते ही स्कूल प्रशासन ने छात्रों को घर भेजने का निर्णय लिया।
अभिभावकों को अचानक कॉल और मैसेज मिले, जिससे घबराहट और बेचैनी फैल गई।
दिल्ली अग्निशमन सेवा, दिल्ली पुलिस, और बम स्क्वॉड तत्काल मौके पर पहुंचे और सघन तलाशी अभियान शुरू किया।
अभिभावकों की चिंता
एक अभिभावक ने बताया, “हमें स्कूल से सिर्फ इतना बताया गया कि बच्चों को तुरंत ले जाएं, लेकिन वजह नहीं बताई गई। बाद में पता चला कि बम की धमकी मिली है। हम बहुत घबरा गए थे।”
पहले भी आ चुकी हैं ऐसी धमकियां
जुलाई 2025 में दिल्ली के 20 से ज्यादा स्कूलों को ईमेल के जरिए बम की धमकी दी गई थी।
18 जुलाई को, तीन दिनों के भीतर 10 स्कूलों और एक कॉलेज को धमकी भरे ईमेल भेजे गए थे।
आईपी कॉलेज फॉर विमेन, हिंदू कॉलेज, और श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स जैसी प्रतिष्ठित संस्थाओं को भी ऐसी धमकियां मिल चुकी हैं।
हालांकि अब तक सभी धमकियां झूठी (हॉक्स कॉल) साबित हुई हैं।
पुलिस और एजेंसियों का रूख
दिल्ली पुलिस ने पुष्टि की है कि सभी धमकियों को गंभीरता से लिया जा रहा है।
फॉरेंसिक टीमें और ईमेल ट्रेसिंग यूनिट जांच में जुटी हैं।
पुलिस की साइबर सेल लगातार इन ईमेल्स के स्रोत का पता लगाने की कोशिश कर रही है।
क्या कहता है प्रशासन?
पुलिस सूत्रों के अनुसार, “इस तरह की झूठी धमकियां न सिर्फ संसाधनों की बर्बादी हैं, बल्कि बच्चों और अभिभावकों के मानसिक स्वास्थ्य पर भी असर डालती हैं। हम जिम्मेदार लोगों का जल्द पता लगाएंगे।”

