- दिसंबर माह में सर्दी से बढ़ेगी लोगों की परेशानी
- कोहरे से अवसाद के केसों को मिलेगा बढ़ावा
जनवाणी संवाददाता |
मोदीपुरम: दिसंबर के महीने में मौसम में एक बार फिर परिवर्तन देखने को मिला। रविवार को दिन निकलते ही कोहरे का प्रकोप शुरू हो गया। जिसके चलते लोगों को हाइवे से गुजरने में भी दिक्कतों से जूझना पड़ा। सुबह लगभग 10 बजे तक कोहरे का असर साफ हुआ। जिसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि दिसंबर के महीने में कोहरे का प्रकोप रहेगा और पाले का भी असर देखने को मिलेगा।
रविवार को सर्दी के पहले दिन का एहसास हुआ सुबह दिन निकलते ही आसमान में कोहरा छा गया। जिसके चलते जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। हालांकि दिन में हल्की गर्मी का एहसास जरूर रहा, लेकिन शाम होते-होते फिर से सर्दी का एहसास हुआ। सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय के मौसम वैज्ञानिक डॉ. यूपी शाही का कहना है कि अमूमन दिसंबर के महीने में पहले और कोहरे का असर देखने को मिलता है।

इस बार इस महीने में इन दोनों का अत्यधिक असर देखने को मिलेगा। हालांकि ठंड बढ़ने से रात का पारा लगातार लुढ़क रहा है, लेकिन आने वाले दिनों में रात दोनों समय के बारे में गिरावट आएगी और सर्दी का एहसास बढ़ेगा। उधर, कोहरे से अवसाद के केसों में बढ़ोतरी होगी।
बच्चों और बुजुर्गों के लिए परेशानी भरा है मौसम
सर्दी और बदलता मौसम बच्चों और बुजुर्गों के लिए बेहद परेशान करने वाला है। खासकर कोहरा अस्थमा के रोगियों के लिए समस्या उत्पन्न करता है। इसलिए चिकित्सकों के अनुसार इस मौसम में बच्चों और बुजुर्गों के लिए विशेष सावधानी बरतनी चाहिए और अस्थमा के रोगियों को सुबह के समय मॉर्निंग वॉक से परहेज करना चाहिए।
कोहरे के मौसम में किसान करें पॉलीबैग का इस्तेमाल
सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के कृषि वैज्ञानिक डॉ. आरएस सेंगर का कहना है कि कोहरे का मौसम आलू की फसल के लिए बेहद खराब है। इसलिए किसानों को समय से पहले अपने खेतों की सिंचाई करनी चाहिए। कुरकुरे के मौसम को ध्यान में रखते हुए अपनी फसल को बचाने के लिए पॉलीबैग का इस्तेमाल करना चाहिए। इससे किसानों को नुकसान होने से बच सकेगा।
ये रहा तापमान
रविवार को दिन का अधिकतम तापमान 25.0 डिग्री एवं न्यूनतम तापमान 10.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जबकि अधिकतम आर्द्रता 95 एवं न्यूनतम आर्द्रता 45% दर्ज की गई है।
प्रदूषण कर रहा परेशान
शहर का प्रदूषण भी लगातार बढ़ रहा है। हालांकि पिछले दो-तीन दिन में प्रदूषण के स्तर में कमी आई है, लेकिन अब भी शहर का प्रदूषण रेड कॉर्नर में शामिल है। इसलिए प्रदूषण से बचाव करना बेहद जरूरी है। अस्थमा के रोगियों को इस मौसम से बचना बेहद आवश्यक है। दिसंबर के महीने में कोहरा शुरू हो गया है। जिसके चलते प्रदूषण के स्तर में बढ़ोतरी होगी।
इन शहरों में प्रदूषण का खतरनाक स्तर
मेरठ 200
हापुड़ 238
गाजियाबाद 370
मुजफ्फरनगर 197
दिसंबर के शुरुआत में कोहरे ने दी दस्तक
मवाना: दिसंबर माह शुरू होते ही सर्दी के मौसम में पहले कोहरे ने अपनी दस्तक दे दी है। रविवार सुबह कोहरे की चादर में लिपटी दिखाई देने पर लोगों ने ठंड से बचने के लिए अलाव जलाकर राहत ली। सर्दियां शुरू होते ही कोहरे ने रविवार सुबह दस्तक देकर लोगों ने पहली सर्दी का एहसास किया।
तापमान में गिरावट होने के बाद राहगीरों ने अलाव का सहारा लिया। सूर्य उदय होने के बाद निकली धूप के बाद आसमान से कोहरा छट गया। दिसंबर माह की शुरुआत होते ही ठंड अपने तेवर दिखाने लगी है। जिसके चलते घरों में ही नहीं व्यापारी भी अलाव के सहारे लोगों की सुबह बीती। सूर्य उदय होने के बाद निकली धूप से कोहरा छटना शुरू हो गया।

रविवार को सर्दी के सीजन के पहले कोहरे ने दस्तक देते हुए लोगों का जीवन अस्त व्यस्त कर दिया है। सड़क से लेकर खेतों में वाहनों को लेकर जा रहे वाहन स्वामियों को कोहरे की चादर लिपटे हुए देख लाइट एवं डीपर का प्रयोग करते हुए नजर आये। मार्निंग वाक पर निकले लोगों को काफी मुश्किल का सामना करना पड़ा। सड़क किनारे फुटपाथ पर बैठे राहगीरों ने अलाव का सहारा लेकर सर्दी से निजात पाई।

