- मदरसा जामिया बदरूल उलूम में तबलाओं की दस्तारबंदी
जनवाणी संवाददाता |
कांधला: गांव गढ़ी दौलत के मदरसा जामिया बदरूल उलूम में शनिवार को सालाना जलसे का आयोजन किया गया। जलसे को खिताब करते हुए हजरत मौलाना महमूद मदनी ने फरमाया कि अगर दुनिया और आखिरत में कामयाबी हासिल करना चाहते हो तो कुरान के बताए रास्ते पर चलना होगा।
उन्होंने कहा कि धर्म कोई भी हो, सभी धर्मों की पवित्र किताबें भाईचारे और इंसानियत की शिक्षा देती है। धर्म के बताए रास्ते पर चलकर ही हम दुनिया को जन्नत बना सकते हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा दीन की हो या दुनिया की, शिक्षा में इंसानियत नजर आनी चाहिए। उन्होंने जलसे में मौजूद मुस्लिम समुदाय के लोगों से अपने बच्चों को दीनी तालीम के साथ ही दुनियावी तालीम भी हासिल करने की अपील की।
जलसे को खिताब करते हुए मदरसा जामिया बदरूल उलूम के प्रबंधक हजरत मौलाना आकिल साहब ने फरमाया कि इंसान को झूठ और फरेब से बचना चाहिए, और अल्लाह से बराबर तोबा करते रहना चाहिए। अल्लाह ने तोबा के दरवाजे खोल रखे हैं। उन्होंने कहा कि दुनिया एक मेला की तरह है, असल जिंदगी आखिरत की है। इंसान को आखिरत के लिए तैयारी करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि युवा वर्ग नशे की हालत में पड़ता जा रहा है। नशे की हालत में पड़ने से युवा वर्ग अपराध करने से भी पीछे नहीं हट रहा है। उन्होंने जलसे में मौजूद लोगों से नशे से दूर रहने के साथ ही विवाह शादियों में फिजूलखर्ची से भी बचने की अपील की। जलसे में 45 तलबाओं की दस्तारबंदी की गई। हजरत मौलाना महमूद मदनी साहब के द्वारा देश में अमानो अमान की दुआ कराई गई।

