जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: एनएच-58 पर स्थित है जटौली गांव, लेकिन वर्तमान में नगर निगम का हिस्सा है। पार्षद का चुनाव होता हैं। नगर निगम में पार्षद यहां की जनता का प्रतिनिधित्व करते हैं, लेकिन गांव की एंट्री प्वांइट पर बुरा हाल है। सड़क पर पानी भरा हुआ है। पानी निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है।
तालाब है, जहां पर पूरे गांव का पानी जाता था, लेकिन अब तालाब भी ओवर फ्लो कर गया है। फिर तालाब पर अवैध अतिक्रमण भी हो गया है। ओपन प्लाट भी तालाब बन गया है, जिसके चलते लोग परेशान है। इसकी शिकायत नगर निगम से की गई, मगर कार्रवाई कुछ नहीं की। एंट्री प्वाइंट पर पानी भरा है।
लोगों का आवागमन कैसे हो रहा हैं? यह जानकार आप भी हैरान रह जाएंगे। ब्रजपाल सिंह ने कहा कि कई बार शिकायत की गई, लेकिन पानी निकासी की कोई व्यवस्था नहीं की। नगर निगम के अधिकारी सुनते ही नहीं है। शिकायत देते हैं, लेकिन शिकायत डस्टबिन में डाल दी जाती है।
पिछले एक वर्ष से यही तो हो रहा है। राजेश्वर सिंह भी निगम की व्यवस्था से बेहद नाराज है। सड़क किनारे खाली प्लाट में पानी भरा हुआ है। यही पानी सड़क पर आ जाता है। प्लाट स्वामी को नोटिस नहीं दिया जाता। क्योंकि प्लॉट का भराव कर दिया जाये तो इस समस्या से निजात मिल जाएगी, लेकिन इसके लिए निगम अफसरों को सख्ती तो दिखानी ही होगी।
हालांकि यहां पर नगरायुक्त मनीष बंसल पिछले दिनों तालाब सौंदर्यीकरण के टेंडर पर काम हुआ या फिर नहीं, वह जटौली गांव में दौरा करने पहुंचे थे। ठेकेदार ने यहां एक र्इंट भी नहीं लगायी थी। इसको लेकर ठेकेदार व निगम अभियंता को चेतावनी पत्र भी थमा दिया गया हैं, लेकिन इसके बाद भी काम चालू नहीं हो पाया है।
यह एक साइट का मामला नहीं, बल्कि इस तरह से कई और भी साइटों पर काम नहीं हुआ। जटौली की सबसे बड़ी समस्या पानी की बनी हुई, जिसका कोई समाधान नगर निगम नहीं कर पा रहा है। इसको लेकर लोगों में भारी गुस्सा हैं। लोगों ने निगम आॅफिस पहुंचकर नगरायुक्त का घेराव करने की भी चेतावनी दी है।

