जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: कोरोना वैक्सीन सुबह लेने की तुलना में दोपहर में ज्यादा प्रभावकारी माना गया है। दोपहर में एंटीबॉडी का स्तर अधिक होता है।
जर्नल ऑफ बायोलॉजिकल रिदम में प्रकाशित शोध में पाया गया है कि 24 घंटे में शरीर के अंदर कई घटनाक्रम बदलते रहते हैं, जिसमें संक्रामक रोग और टीकाकरण की प्रतिक्रिया भी शामिल है।
मैसाचुसेट्स जनरल हॉस्पिटल (एमजीएच) के सह-वरिष्ठ लेखक एलिजाबेथ क्लेरमैन ने कहा, “एक रिसर्च में पाया गया है कि सुबह की तलना में दिन का समय SARS-CoV-2 टीकाकरण के प्रति प्रतिरक्षा प्रतिक्रिया को ज्यादा प्रभावित करता है।शोधकर्ताओं का मानना है।
कुछ बीमारियों के लक्षण और कई दवाओं का असर दिन के समय में ज्यादा असरदार होता है। शोधकर्ताओं ने बताया कि फेफड़ों की बीमारी वाले मरीजों में अक्सर अधिक लक्षण होते हैं दोपहर में इन पर दवाओं का असर ज्यादा होता है।
2,190 स्वास्थ्य कर्मियों पर किया गया परीक्षण
शोधकर्ताओं के अनुसार, इन्फ्लूएंजा टीकाकरण प्राप्त करने वाले बुजुर्ग पुरुषों के एक अध्ययन से पता चला है कि जब उन्हें दोपहर की तुलना में सुबह में टीका लगाया गया तो उनके पास उच्च एंटीबॉडी की कमी थी।
यूनाइटेड किंगडम में यह शोध 2,190 स्वास्थ्य कर्मियों पर SARS-CoV-2 टीकाकरण का परीक्षण किया गया, जिसमें सुबह की अपेक्षा दोपहर में लगाए गए टीके में एंटीबॉडी ज्यादा तैयार हुई।

