जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव और विदेशी निवेशकों की भारी बिकवाली के चलते भारतीय शेयर बाजार आज गुरुवार को बुरी तरह टूट गए। बीएसई सेंसेक्स करीब 1300 अंकों से ज्यादा गिर गया, जबकि निफ्टी 50 22,250 के अहम स्तर से नीचे फिसल गया।
बता दें कि, सुबह सेंसेक्स 1,394.38 अंक (-1.90%) टूटकर 71,739.94 पर पहुंच गया, जबकि निफ्टी 407.75 अंक (-1.80%) गिरकर 22,271.65 पर कारोबार करता दिखा। बाजार में बैंकिंग और फार्मा सेक्टर में तेज बिकवाली देखने को मिली।
ट्रंप की चेतावनी से बढ़ा तनाव
इस भारी गिरावट के पीछे सबसे बड़ा कारण पश्चिम एशिया में बढ़ता तनाव है। डोनाल्ड ट्रंप के ईरान पर संभावित सैन्य कार्रवाई संबंधी बयान ने निवेशकों की धारणा को नकारात्मक बना दिया है। विशेषज्ञों के अनुसार, अगले 2–3 हफ्तों में संभावित सैन्य कदम की आशंका से वैश्विक बाजारों में डर का माहौल है।
कच्चा तेल उछला, बढ़ी चिंता
तनाव के चलते ऊर्जा बाजार में भी हलचल तेज हो गई है।
Brent Crude 5% तक उछलकर 105.65 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया
अमेरिकी बॉन्ड यील्ड 4.36% तक बढ़ गई
तेल की कीमतों में उछाल भारत जैसे आयातक देश के लिए चिंता बढ़ाता है, जिससे महंगाई और व्यापार घाटा बढ़ सकता है।
एफआईआई की भारी बिकवाली
विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने बुधवार को 8,331 करोड़ रुपये के शेयर बेचे, जिससे बाजार पर दबाव और बढ़ गया। हालांकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने 7,171 करोड़ रुपये की खरीदारी कर कुछ संतुलन बनाने की कोशिश की।
सभी सेक्टर दबाव में, बड़े शेयर लुढ़के
सेंसेक्स की सभी 30 कंपनियां लाल निशान में कारोबार करती दिखीं। प्रमुख गिरने वाले शेयरों में शामिल हैं। सन फार्मा, इंडिगो, अदाणी पोर्ट्स, लार्सन एंड टुब्रो, एशियन पेंट्स, एनटीपीसी, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, कोटक महिंद्रा बैंक और एक्सिस बैंक।
एशियाई बाजारों में भी गिरावट
भारतीय बाजार ही नहीं, बल्कि एशियाई बाजारों में भी भारी दबाव देखने को मिला:
कोस्पी: -4.31%
निक्केई: -2.24%
हैंगसेंग: -1.04%
शंघाई कंपोजिट: -0.53%
रुपये की शानदार वापसी
गिरते बाजार के बीच भारतीय मुद्रा ने मजबूती दिखाई। Indian Rupee ने अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 151 पैसे की रिकवरी की। रुपया 94.62 पर खुलकर 93.19 तक मजबूत हुआ। इस मजबूती के पीछे आरबीआई द्वारा फॉरवर्ड मार्केट में उठाए गए कदमों को अहम माना जा रहा है।

