- होटल मामले की जांच और कार्रवाई में लगे पुलिस अफसर किए गए तलब
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: कसीनो में तब्दील होटल हारमनी इन में एक लाख रुपये एंटी की पार्टी बुकिंग के सवाल पर होटल के मालिक से लेकर मैनेजर और वेटर तक सब पल्ला झाड़ने पर तुले हुए हैं। होटल में जुआ पार्टी का सूत्रधार कौन था, यह अभी तक तय नहीं पाया। यह वह मामला है जिसकी गूंज लखनऊ दिल्ली तक सुनाई दी। इसके बावजूद पुलिस को तह तक पहुंचने में भारी मशक्कत करनी पड़ रही है। कसीनो के आयोजक का पता लगाने में पुलिस के पसीना छूट रहे हैं।
दीपावली से चंद रोज पहले होटल में बार एंड कसीनो चलाने की उपज किसकी थी। किसने आनलाइन एक लाख रुपये प्रति एंट्री बुकिंग की थी। कौन-कौन इसका सूत्राधार था? पुलिस के एक सूत्र की मानें तो होटल के मालिक से लेकर मैनेजर तक कोई भी कसीनो की बुकिंग की जिम्मेदारी लेने को तैयार नहीं है। पुलिस की मानें तो होटल मालिक नवीन अरोरा पहले ही इस पार्टी के आयोजन से पल्ला झाड़ चुके हैं। उन्होंने साफ कह दिया कि वह नहीं जानते कि फ्लोर किस मैनेजर ने बुक किया था।
पुलिस सूत्रों की मानें तो इस मामले को लेकर होटल हारमनी इन के स्टाफ के तमाम लोगों से पूछताछ की जा चुकी है, लेकिन कोई भी कसीनो पार्टी की जिम्मेदारी लेने को तैयार नहीं। मैनेजर से लेकर निचले स्तर तक के स्टॉफ से पूछताछ की जा चुकी है। वैसे अब तक जो कुछ नजर आ रहा है, उससे आशंका जतायी जा रही है कि यह हाइप्रोफाइल मामला वक्त के साथ धीरे-धीरे ठंडा पड़ता जा रहा है।
पुलिस कार्रवाई के बाद नवीन अरोरा की गिरफ्तारी और कोर्ट से राहत के बाद मामले ने जिस तेजी से तूल पकड़ा था, उसी तेजी से अब यह ठंडा होता भी नजर आ रहा है। इस संबंध में एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह का कहना है कि हारमनी मामले में दीपावली पर्व के चलते पुलिस कर्मियों की व्यवस्तता रही। इस मामले में अब तक क्या किया गया है, इसकी सोमवार को समीक्षा की जाएगी।
एसएसपी ने किया तलब
होटल हारमनी इन की जांच व कार्रवाई को लेकर अब तक जो कुछ हुआ है और जांच कहां तक पहुंची है, इसको लेकर रिपोर्ट के मामले में लगे सभी पुलिस वालों को सोमवार को एसएसपी डा. विपिन ताडा द्वारा तलब किए जाने की जानकारी सूत्रों ने दी है।
रात भर सजी महफिल, गुलजार रहे शहर के कुछ खास होटल
दीपावली के मौके पर पहले से खास महफिलों के लिए पहचान बना चुके कुछ खास होटल पहली नंवबर को पूरी रात गुलजार रहे। जानकारों की मानें तो गढ़ रोड स्थित होटल हारमनी इन पर दीपावली से पहले पुलिस के छापे की कार्रवाई के बाद पुलिस की उसी तर्ज पर कार्रवाई की आशंका के चलते जो जश्न 31 अक्टूबर की रात को होना था, उसकी तारीख मजबूरी में एक दिन आगे बढ़ा दी गयी, लेकिन जश्न की जो परंपरा पुरानी चली आ रही है, उसको टूटने नहीं दिया गया। केवल एक दिन आगे खिसका दिया गया।
आमतौर पर यह आयोजन शहर के कुछ खास होटलों में दीपावली के रोज पूजन के बाद रखा जाता है। इस आयोजन में होटल के जिस स्टाफ की ड्यूटी लगायी जाती है, उन्हें दीपावली से अगले दिन 24 घंटे की छुट्टी दे दी जाती है। ऐसा इसलिए किया जाता है, क्योंकि दीपावली की रात जब खास आयोजन होता है। उसमें पूरा स्टाफ लगा दिया जाता है, लेकिन जहां-जहां इस प्रकार के आयोजन अपने खास ग्राहकों के लिए होटल की ओर से रखे जाते हैं। वहां इस बार दीपावली वाले दिन स्टॉफ के ज्यादातर कर्मचारी छुट्टी पर भेज दिए।
एक नवंबर को शुक्रवार की रात पूरा स्टॉफ बुला लिया गया। पूरी रात महफिल गुलजार रही। कुछ होटलों में ये महफिलें शनिवार की सुबह पांच बजे तक सजी रहीं। ऐसी खास महफिलों के लिए आमतौर आबूलेन, बाउंड्री रोड, दिल्ली रोड तथा सिविल लाइन का हजारी की प्याऊ वाला इलाके में स्थित एक होटल फर्स्ट च्वाइस रहा। बताया जाता है कि इस होटल में तो तमाम रूम से बेड बाहर करा दिए गए और महफिल भी फर्श पर मसंद लगाकर सजायी गयी।
सबकी अपनी-अपनी पसंद
दीपावली पर सजने वाली इन महफिलों में तमाम शौकीनों के अपने-अपने होटल फिक्स होते हैं। आमतौर पर वहीं जाना पसंद करते हैं। जहां पहले से जाते रहते हैं। होटल वाले भी ऐसे खास मेहमानों की पसंद न पसंद का ख्याल रखते हैं। साथ ही खास महफिलों में यह भी ध्यान होटल मालिक रखते हैं कि कोई नया ग्राहक ना आए। जो पहले से आते हैं तथा जिनसे पुरानी जानकारी है केवल उन्हीं तक महफिल समिति रहे।
चौकसी का था दावा
होटल हरमनी इन प्रकरण के बाद दीपावली के मौके पर खास चौकसी बरतने का दावा किया जा रहा था, लेकिन पहली नवंबर को जिन महफिलों की चर्चा आम है उन्होंने दावों की कलई जरूर खोल दी। इस संबंध में एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह ने बताया कि होटल हारमनी इन प्रकरण के बाद पूरे शहर में जबरदस्त चौकसी रखी गयी। सभी थाना प्रभारियों को विशेषरूप से हिदायत दी गई। यदि कोई मामला सामने आएगा तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।

