Monday, March 16, 2026
- Advertisement -

नगर निगम की जमीन पर कब्जे, डीएम ने रिपोर्ट तलब की

  • निगम अफसरों ने कार्रवाई में जतायी लाचारी, जन प्रतिनिधियों
  • व्यापार संघ व पुलिस प्रशासन पर फोड़ा ठीकरा

जनवाणी संवाददाता |

मेरठ: गढ़ रोड नई सड़क स्थित करीब पांच अरब कीमत की बेशकीमती व्यवसायिक जगह से अवैध कब्जे हटाने के बजाय नगर निगम प्रशासन ने इसको भूमाफियाओं के सुपुर्द कर दिया है। कब्जे हटाने में लाचारी जताते हुए निगम प्रशासन ने जनप्रतिनिधियों, व्यापार संघ व तथा पुलिस प्रशासन के नेताओं पर ठीकरा फोड़ कर हाथ खडे कर दिए हैं। नई सड़क स्थित जिस जगह की बात की जा रही है, उसको खुद व्यवसायिक मानते हुए निगम प्रशासन ने इसकी कीमत का आकलन 90 हजार से एक लाख प्रति वर्ग मीटर तय किया है।

02 44

डंपिंग ग्राउंड के लिए की थी अधिग्रहित

साल 1952 में खसरा संख्या 60/41 किसानों से डंपिंग ग्राउंड बनाने के लिए किसानों से अधिग्रहित की गयी थी। उस वक्तगढ़ रोड स्थित यह स्थान शहर से काफी दूर माना जाता था। आरटीआई एक्टिविस्ट लोकेश खुराना बताते हैं कि तब दिन में भी इधर कोई अकेले नहीं आता था।

इस बेशकीमती संपत्ति को लेकर निगम प्रशासन की अति की लापरवाही का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इस संपत्ति के एक हिस्से पर कब्जा कर विवाह मंडप तक बना लिए गए। जय देवी नगर के दर्जनों ऐसे मकान हैं जिनके पिछले हिस्से में इस संपत्ति के कम से कम 100 गज भूमि का शामिल कर लिया। इस पर कब्जे का सिलसिला आज भी बादस्तूर जारी है।

150 दुकानों का अवैध मार्केट

नई सड़क पर निगम की इस संपत्ति पर वर्तमान में करीब 150 दुकानों का अवैध मार्केट बसा दिया गया है। इसकी शुरूआत कच्चे खोखों से की गयी थी, जहां पहले खोखे डाले गए थे, वहां कई पक्की दुकानें बना दी गयी हैं। ऐसा नहीं कि अवैध कब्जों का सिलसिला थम गया हो। इस बेशकीमती जगह पर अवैध कब्जों का सिलसिला लगातार जारी है। प्रशासन को इसको कब्जा मुक्त कराने या सुध लेने की फुर्सत नहीं।

कार्रवाई के बजाय हफ्ता वसूली

जमीन से अवैध कब्जे हटाने के बजाए यहां हफ्ता वसूली की जाती है। ऐसा नहीं कि इस गुनाह में केवल निगम का स्टाफ ही शामिल है। अवैध दुकानों से होने वाली हफ्ता वसूली में पुलिस व निगम स्टाफ के अलावा सत्ताधारी दल के कुछ बडेÞ नेताओं के गुर्गों का भी हिस्सा होता है।

इस जमीन का जो हिस्सा गढ़ रोड से सटा है, वहां कुछ समय पहले ही कब्जा कर फूलों की दुकान बना दी गयी है। कब्जा कराने वाले भाजपा के एक बडे व्यापारी नेता हैं। इस नेता का नाम पिछले दिनों भगत सिंह मार्केट में निगम के अतिक्रमण विरोधी अभियान के विरोध में सबसे आगे रहने को लेकर भी आया था।

नगर निगम के संपत्ति अधिकारी राजेश वर्मा का कहना है कि जिलाधिकारी ने इस जमीन को लेकर रिपोर्ट तलब की है। महानगर की जिन 10 जगह से अवैध कब्जे हटाने की प्रशासन तैयारी कर रहा है, उसमें नई सड़क की यह जगह भी शामिल है। पूर्व में भी इसको कब्जा मुक्तकराने का प्रयास किया था, लेकिन विरोध के चलते सफल नहीं हो सका।

spot_imgspot_img

Subscribe

Related articles

UP: मुरादाबाद में दर्दनाक सड़क हादसा, ट्रैक्टर-ट्रॉली से टकराई कार, चार युवकों की मौत

जनवाणी ब्यूरो । नई दिल्ली: भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली में जा घुसी।...

सिलेंडर बिन जलाए रोटी बनाने की कला

मैं हफ्ते में एक दिन आफिस जाने वाला हर...

सुरक्षित उत्पाद उपभोक्ता का अधिकार

सुभाष बुडनवाला हर वर्ष 15 मार्च को विश्व भर में...

पुराना है नाम बदलने का चलन

अमिताभ स. पिछले दिनों, भारत के एक राज्य और कुछ...
spot_imgspot_img