- मेरठ होगा महिलाओं के लिए सबसे सुरक्षित स्थान
- प्रमुख स्थानों पर लगेंगे सीसीटीवी कैमरे, मोबाइल ऐप से दी जायेगी जानकारी
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: महिलाओं की सुरक्षा प्रदेश सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है। सरकार ने मंडल के मेरठ व नोएडा सहित प्रदेश के कई शहरों को सेफ सिटी के रूप में विकसित करने का निर्णय लिया है।
सेफ सिटी के अंतर्गत कराये जाने वाले कार्यों के संदर्भ में आयुक्त सभागार में आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुये आयुक्त अनीता सी मेश्राम ने ये जानकारी दी। उन्होंने नगरायुक्त, पुलिस व अन्य संबंधित विभागीय अधिकारियों को आठ दिन में ऐक्शन प्लॉन रिपोर्ट (एपीआर) बनाने के निर्देश दिये।
आयुक्त अनीता सी मेश्राम ने निर्देशित किया कि शहर के मुख्य चौराहों व अन्य स्थानों पर लगाये जाने वाले सीसीटीवी कैमरों के लिए पुलिस विभाग स्थान व अनुमानित बजट का आंकलन कर अपनी आख्या दें ताकि एमडीए की अवस्थापना निधि से यह कार्य कराने के प्रयास किये जा सके।
उन्होंने कहा कि नगरायुक्त ये सुनिश्चित करें कि शहर में महिलाओं की सुरक्षा के लिए पिंक बूथ कहां और कितने बनाये जाने हैं इसकी सूची भी तैयार की जाये। आयुक्त ने कहा कि एलएलआरएम मेडिकल कालेज में संचालित आशा ज्योति केन्द्र में प्राप्त शिकायतों का प्राथमिकता पर निस्तारण कराया जाये।
महिला सुरक्षा संबंधी सुविधाओं को व समीपवर्ती थाने आदि को समाहित करते हुये महिलाओं के लिए एक मोबाइल ऐप भी बनाया जाये। उन्होंने एमडी मेरठ सिटी ट्रांसपोर्ट से कहा कि शहर में सभी शिक्षण संस्थाओं, स्कूल व कालेजों के समीप बस स्टॉप हो ये सुनिश्चित किया जाये।
सभी सरकारी कार्यालयों व प्राइवेट संस्थानों में भी अलग से महिला शौचालय हो इसको सुनिश्चित किया जाये तथा इसका सर्वे भी किया जाये। इस अवसर पर जिलाधिकारी के. बालाजी, अपर आयुक्त रजनीश रॉय, सचिव एमडीए प्रवीणा अग्रवाल, नगरायुक्त अरविन्द चौरसिया, एसपी ट्रैफिक जितेन्द्र श्रीवास्तव, एमडी मेरठ सिटी ट्रांसपोर्ट विजय कुमार, आरएम यूपीएसआरटीसी केके शर्मा, सीओ पुलिस पूनम सिरोही सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

