- प्रदेश के मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा
जनवाणी संवाददाता |
शामली: बुधवार को उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष पवन कुमार सिंघल के नेतृत्व में व्यापारियों के एक प्रतिनिधि मंडल ने जिलाधिकारी जसजीत कौर मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा। जिसमें बताया गया कि पूर्व में आपके द्वारा मंडी शुल्क लाइसेंस व गेटपास व्यवस्था से मंडी स्थल से बाहर काम कर रहे व्यापरियों को मुक्त कर दिया था। इससे छोटा व्यापार कर रहे व्यापारियों को इंस्पेक्टर राज से मुक्ति मिल गई थी।
व्यापारी समाज भाजपा सरकार की जय जयकार कर रहा था। लाइसेंस खत्म होने से लाखों लोगों को छोटे स्तर व्यापार चालू कर अपना परिवार का भरण पोषण करने में साहूलियते मिल गई थी। लेकिन पुन: मंडी शुल्क लाइसेंस जारी करने से बहुत बड़े संकट खड़े हो जाएंगे। गेटपास व लाइसेंस बनवाने की आड में मंडी अधिकारी संचल दल के रूप में उन व्यापारियों का शोषण करना शुरू कर देंगे, जो मंडी स्थल से बाहर काम कर रहे है।
मंडी लाइसेंस बनवाने के लिये अधिकारी पचास हजार रुपये व गेटपास काटने के नाम पर प्रति गेटपास 300 रुपये की मांग करते है। आए दिन चेकिंग और लाइसेंस रिनिवल के नाम पर प्रतिवर्ष लाखों रुपये की वसूली करते रहे हैं। उद्योग व्यापार मंडल मंडी शुल्क व लाइसेस का पुन: लागू करने का प्रबल विरोध करता है। व्यापारी हित में इस आदेश को अविलम्ब वापस लेने की मांग की। अगर यह आदेश वापस न लिया गया तो व्यापारी समाज के साथ मिलकर उप्र उद्योग व्यापार मंडल बड़े स्तर पर आंदोलन करने को बाध्य होगा।

