- भाकियू किसान सभा के जिलाध्यक्ष पर मारपीट और तोड़फोड़ का आरोप, थाने में भाजपाइयों का हंगामा
जनवाणी संवाददाता |
सरधना: सोमवार शाम हिमालय हॉस्पिटल में मरीज के बिल को लेकर भाकियू किसान सभा के लोग धरने पर बैठे तो बखेड़ा हो गया। आरोप है कि संगठन के लोगों ने अस्पताल संचालक भाजपा के जिला संयोजक व उनकी पत्नी से मारपीट की। साथ ही अस्पताल में तोड़फोड़ का आरोप लगाया। मामले को लेकर मौके पर हंगामा हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने स्थिति को संभाला। घटना से नाराज भाजपाइयों ने हंगामा कर दिया। थाने में भी दोनों पक्षों में काफी नोकझोंक हुई। पुलिस ने भाकियू के लोगों को अंदर भेजकर मामला संभाला। अस्पताल संचालक ने कोतवाली में घटना की तहरीर दी है। सख्त कार्रवाई नहीं होने पर भाजपा व व्यापारी संगठन के लोगों ने धरने पर बैठने की चेतावनी दी है।
हिमालय हॉस्पिटल संचालक डा. ओमकुमार पुंडीर भाजपा के जिला संयोजक है। चार दिन पूर्व उनके अस्पताल में एक गर्भवती महिला भर्ती हुई थी। डा. ओमकुमार पुंडीर व उनकी पत्नी संगीता पुंडीर ने बताया कि शिशु की गर्भ में ही मौत हो चुकी थी। परिजनों की सहमति के बाद उसे अस्पताल में भर्ती किया गया था। परिजनों को पहले ही बता दिया गया था कि उपचार में काफी खर्चा होगा। उपचार के बाद हालत में सुधार होने पर मंगलवार को महिला की छुट्टी होनी थी। सोमवार शाम अस्पताल द्वारा बिल बनाया गया। बिल में पैसे कम करने को लेकर ही विवाद पैदा हुआ। भाकियू किसान सभा के जिलाध्यक्ष निखिल राव अपनी टीम के साथ अस्पताल पहुंचे।
जहां मामले को लेकर उनकी नोकझोंक हो गई। संगठन के लोग अस्पताल में ही धरने पर बैठ गए। मामला इतना बढ़ा कि चिकत्सक व संगठन के लोगों में हाथापाई हो गई। आरोप है कि संगठन के लोगों ने डा. ओमकुमार पुंडीर व उनकी पत्नी डा. संगीत पुंडीर के साथ मारपीट की। जिससे उनके कपड़े फट गए। चिकित्सक ने अस्पताल में तोड़फोड़ का भी आरोप लगाया। मामले को लेकर मौके पर भगदड़ मच गई। सूचना मिलते ही पुलिस पहुंच गई। वहीं घटना से भाजपा कार्यकर्ताओं में आक्रोश फैल गया। बड़ी संख्या में भाजपाई थाने पहुंच गए। भाकियू के लोग भी थाने पहुंचे तो भाजपाइयों का गुस्सा फूट पड़ा। दोनों पक्षों में थाने में ही गरमा गर्मी हो गई।
भाजपाइयों ने हंगामा कर दिया। पुलिस ने संगठन के लोगों को अंदर करके किसी तरह मामला शांत किया। चिकित्सक द्वारा कोतवाली में घटना की तहरीर दी गई है। इंस्पेक्टर क्राइम शत्रुघ्न यादव का कहना है कि तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज की जा रही है। वहीं भाकियू किसान सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोज त्यागी का कहना है कि मैंने अपने जिलाध्यक्ष से बात की है। उन्होंने बताया कि हम वहां पर एक मरीज के संबंध में बात करने गए थे। संगठन के लोगों ने बताया कि अस्पताल के स्टाफ द्वारा उनके साथ मारपीट की गई। उनके मोबाइल भी छीन लिए। यदि संगठन के लोगों की गलती है और अस्पताल वालों के खिलाफ ठोस सुबूत हैं तो गलती करने वाले अपने संगठन के लोगों पर कार्रवाई की जाएगी।
महिला पक्ष ने चिकित्सक के खिलाफ दी तहरीर
मामले में गर्भवती महिला गुलफशा के पति शौकीन निवासी ग्राम ईकड़ी ने भी चिकित्सक के खिलाफ थाने में तहरीर दी ही। शौकीन ने आरोप लगाया है कि चिकित्सक की लापरवाही की वजह से गर्भ में शिशु की मौत हुई है। इसके बाद भी उससे अधिक पैसे की मांग की जा रही थी। उसके पक्ष में किसान संगठन के लोग आए तो उनके साथ भी मारपीट की गई। चिकित्सक द्वारा संगठन के लोगों पर लगाया गया आरोप गलत है। इसके अलावा जिला अध्यक्ष निखिल राव ने भी थाने में तहरीर दी है।

