नमस्कार, दैनिक जनवाणी डॉटकॉम वेबसाइट पर आपका हार्दिक स्वागत और अभिनंदन है। विवाह जीवन का एक अहम पड़ाव होता है, जो न केवल दो लोगों बल्कि दो परिवारों को भी जोड़ता है। लेकिन आज के समय में कई लोग विवाह संबंधी अड़चनों, देरी या बार-बार रिश्ते टूटने जैसी समस्याओं का सामना करते हैं। ऐसे में सावन माह, विशेषकर सावन शिवरात्रि, को इन बाधाओं को दूर करने के लिए अत्यंत शुभ और प्रभावकारी माना गया है। ऐसे में आइए जानते हैं कि इस बार सावन शिवरात्रि कब पड़ रही है और कौन-से उपाय लाभकारी माने गए हैं।
सावन शिवरात्रि का महत्व
सावन शिवरात्रि का दिन शिवभक्तों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण होता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इसी दिन भगवान शिव और माता पार्वती का पवित्र विवाह संपन्न हुआ था। ऐसे में अगर कोई व्यक्ति इस दिन श्रद्धा और विधिविधान से भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करता है, तो उसकी विवाह से जुड़ी समस्याओं का समाधान संभव है।
सावन शिवरात्रि 2025 तिथि
सावन माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि आरंभ: 23 जुलाई, प्रातः 04:39 मिनट पर
सावन माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि समाप्त: 24 जुलाई, देर रात 02:28 मिनट पर
23 जुलाई 2025 को सावन माह की शिवरात्रि का पर्व मनाया जाएगा।
इन उपाय से दूर होती है विवाह संबंधित बाधाएं
सावन शिवरात्रि के दिन भगवान शिव और माता पार्वती का विशेष रूप से पूजन करने से विवाह के योग प्रबल होते हैं। यदि किसी जातक को विवाह में लगातार रुकावटों का सामना करना पड़ रहा हो, तो उसे इस दिन भगवान शिव का षोडशोपचार विधि से पूजन करना चाहिए। शिवलिंग पर दूध में हल्दी मिलाकर अभिषेक करें और माता पार्वती को सुहाग की वस्तुएं जैसे चूड़ी, सिंदूर, बिंदी आदि अर्पित करें। यह उपाय नियमित रूप से करने से जल्दी शुभ समाचार प्राप्त हो सकता है। माना जाता है कि इससे अगले शुभ मुहूर्त तक विवाह निश्चित हो जाता है।

