जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: कोरोना के खिलाफ जंग में टीकाकरण को गति देने के लिए केंद्र सरकार राज्यों के साथ मिलकर सोमवार से ‘हर घर दस्तक’ अभियान का आगाज करने जा रही है।
मेडिकल टीम हर घर जाकर दस्तक देगी और जिन लोगों ने अब तक वैक्सीन नहीं ली है या दूसरी खुराक लेने नहीं पहुंचे हैं, उनके पूर्ण टीकाकरण की जिम्मेदारी टीम की होगी।
उत्तर प्रदेश में भी इसके तहत विभिन्न ब्लॉकों में बनाए क्लस्टर में शामिल गांवों में सोमवार से टीकाकरण शिविर लगेंगे। गांवों को तीन हिस्से में बांटकर टीके लगाए जाएंगे।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने हाल में राज्यों के स्वास्थ्य मंत्रियों के साथ बैठक में अभियान की जानकारी साझा की थी। इस बीच, रविवार दोपहर तक देश में टीकाकरण 106 करोड़ पार कर गया।
इनमें 32.88 करोड़ लोग दोनों खुराक ले चुके हैं। हालांकि एकल खुराक का टीकाकरण अभी 73 करोड़ से अधिक है। 12 करोड़ लोग ऐसे हैं, जो दूसरी खुराक लेनेे टीकाकरण केंद्र पर नहीं पहुंचे हैं। इनकी तलाश और नए लोगों के पंजीयन के लिए सरकार ने एक महीने तक देशभर में अभियान चलाने का फैसला किया है।
40 डीएम के साथ बैठक करेंगे पीएम
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विदेश यात्रा से लौटते ही 3 नवंबर को टीकाकरण की सुस्त रफ्तार वाले 40 जिलों के जिलाधिकारियों के साथ बैठक करेंगे।
प्रधानमंत्री कार्यालय ने रविवार को कहा कि जिन जिलों में पचास फीसदी से कम लोगों ने पहली खुराक ली है और दूसरी खुराक लेने वालों की संख्या भी कम है, उन्हें इस बैठक में शामिल किया गया है। ऐसे 40 जिलों में झारखंड, मणिपुर, नगालैंड, अरुणाचल प्रदेश, महाराष्ट्र और मेघालय सहित अन्य राज्यों के जिले हैं।
कोवाक्सिन को मंजूरी दे डब्ल्यूएचओ
जी-20 सम्मेलन में पीएम मोदी ने कहा कि कोरोना से निपटने के लिए हमें ‘एक धरती-एक स्वास्थ्य’ का नजरिया रखना होगा। भारत ने दवा निर्माता केंद्र व विश्व के भरोसेमंद सहयोगी की भूमिका निभाई है।
ऐसे में, विश्व स्वास्थ्य संगठन को भारतीय टीके कोवाक्सिन को जल्द मान्यता देनी चाहिए। वादा करते हैं कि अगले साल तक हम विश्व के लिए पांच अरब खुराक बना लेंगे।
कोरोना कमजोर हुआ है, खत्म नहीं
यह दिल्ली के सदर बाजार का हाल है, जहां दिवाली की खरीदारी के लिए लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा है। त्योहार के उत्साह में लोगों को न अपनी जान की चिंता है,
न ही अपनों की परवाह। धनतेरस के एक दिन पहले लापरवाही का ऐसा आलम देश के ज्यादातर शहरों में देखने को मिला।
जायडस कैडिला का टीका 265 रुपये प्रति खुराक
जायडस कैडिला अपने टीके जायकोव-डी की कीमत घटाकर 265 रुपये प्रति डोज करने पर सहमत हो गई है। यह पहली वैक्सीन है, जिसे 12 साल से ऊपर के बच्चों के लिए मंजूरी मिली है। सुई मुक्त वैक्सीन की डोज के लिए 93 रुपये के डिस्पोजेबल दर्द रहित जेट एप्लीकेटर की जरूरत होगी। इससेे कीमत 358 रुपये हो जाएगी।

