- तीर्थनगरी में बाहरी वाहनों के प्रवेश पर पाबंदी
- शाही स्नान को लेकर ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने लिया व्यवस्थाओं का जायजा
- संत और अधिकारियों के साथ कीं अलग-अलग बैठकें, कुंभ क्षेत्र का निरीक्षण भी किया
जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: वृंदावन कुंभ बैठक का तीसरा और अंतिम शाही स्नान आज है। शाही स्नान पर परंपरानुसार पूर्व निर्धारित व्यवस्था के तहत पहले संतों की शाही पेशवाई निकलेगी, फिर शाही स्नान करेंगे। इसे लेकर शुक्रवार को यमुना के तटों पर दिन भर कर्मचारी तैयारियों में जुटे रहे।
आज शनिवार को बाहरी वाहनों के प्रवेश पर पाबंदी और सभी पास भी अमान्य किए गए हैं। डीएम और एसएसपी व्यवस्थाएं देखने के लिए खुद भी मौके पर मौजूद रहेंगे।
शाही घाट और आम श्रद्धालुओं के लिए निकट ही बने अस्थायी घाट पर बालू के बोरे भरकर यमुना के किनारे डाले गए हैं, जिससे संत और श्रद्धालुओं के स्नान करते वक्त यमुना की तली में जमी सिल्ट ऊपर न आ सके। पिछले शाही स्नान के दौरान यमुना का साफ पानी मिलने से संत खुश हो गए थे।
क्षेत्रीय विधायक और प्रदेश के ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा शुक्रवार को व्यवस्थाओं का जायजा लेने के लिए कुंभ क्षेत्र पहुंचे। उन्होंने न केवल अधिकारियों के साथ बैठक की बल्कि संतों के सुझाव भी लेते हुए व्यवस्थाएं देखीं। उन्होंने कहा कि वृंदावन का दिव्य और भव्य कुंभ ठाकुरजी की कृपा और संतों के आशीर्वाद हो पूर्ण होगा।
शाही स्नान के लिए कुंभ क्षेत्र में सुरक्षा का पहरा और बढ़ा दिया गया। शाही पेशवाई के लिए संबंधित मार्ग की सफाई और अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की। इन सभी व्यवस्था का जायजा लेने के लिए ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा वृंदावन पहुंचे। श्रीबांकेबिहारी के दर्शन उपरांत उन्होंने परिक्रमा मार्ग स्थित धीर समीर आश्रम में अधिकारियों के साथ बैठक करते हुए शाही पेशवाई और स्नान को लेकर व्यवस्थाओं की जानकारी ली।आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।
मंत्री ने की संत महंत से चर्चा
मंत्री ने मेलाधिकारी कार्यालय में तीनों अनी के श्रीमहंत और स्थानीय संतों के साथ भी बैठक करते हुए सुझाव मांगे। उनके अनुरूप व्यवस्थाओं में सुधार के निर्देश दिए। इसके उपरांत अधिकारी और संतों के साथ कुंभ क्षेत्र का निरीक्षण भी किया।
रिकॉर्ड भीड़ की उम्मीद, भांप कर बढ़ाया पुलिस फोर्स
वृंदावन में पहले से ही दर्शनार्थियों की भीड़ उमड़ती है, जो यातायात व्यवस्था पर भारी रहती है। इस बार शनिवार के दिन अमावस्या भी है, जिस पर बड़ी संख्या में परिक्रमार्थी वृंदावन की परिक्रमा करते हैं। इसी दिन तीसरा और अंतिम शाही स्नान वृंदावन कुंभ का होने के कारण भीड़ का उमड़ना लाजमी माना जा रहा है। इसकी संभावना को भांपते हुए पुलिस बल बढ़ा दिया गया है।
मेला के नोडल अधिकारी एसपी सुरक्षा रोहित मिश्रा ने बताया कि दो कंपनी पीएसी अतिरिक्त बुलाई गई है। चार कंपनी पहले से ही यहां तैनात हैं। इसके अलावा सिविल पुलिस बल भी अतिरिक्त तैनात कर दिया गया है। नए सीओ नीलेश मिश्रा को केशीघाट से पानीघाट तक की जिम्मेदारी सौंपी गई है। यातायात सबसे बड़ा बिंदु है। इसके लिए एसपी ट्रैफिक और सीओ ट्रैफिक सहित सीओ सदर व्यवस्थाओं में जुटे हैं।

