- कई जगह पर किया निरीक्षण, लगातार प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की कार्रवाई
जनवाणी संवाददाता |
मोदीपुरम: बढ़ रहे वायु प्रदूषण की रोकथाम के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है। प्रदूषण विभाग की टीम ने दो फैक्ट्री पर सील लगा दी है। इससे पहले भी कैंट बोर्ड और नगर निगम व कोल्हू पर जुुर्माना लगाया है।
शुक्रवार को सुबह से लेकर शाम तक क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण अधिकारी डा. योगेंद्र कुमार के नेतृत्व में टीमों ने कई जगह पर निरीक्षण किया गया। मेरठ में करीब 30 से अधिक फैक्ट्री का निरीक्षण किया। अलग-अलग निरीक्षण से उद्यमियों में भी हड़कंप मच गया। टीमें अलग-अलग क्षेत्र में काम कर रही थी।
टीम को हापुड़ रोड पर धीरखेड़ा में श्याम इंटरप्राइजेज फैक्ट्री अधूरे मानक पर चलती हुई मिली। फैक्ट्री के पास में सहमति पत्र भी नहीं था और ईटीपी खराब पड़ा था और बॉयलर भी बंद मिला। जिससे आसपास में प्रदूषण फैल रहा था। इसके अलावा श्रीकृष्णा फूड फैक्ट्री धीरखेड़ा में प्रदूषण फैला रही थी।
यहां पर ईटीपी बंद पड़ा था और बॉयलर भी खराब था। दोनों फैक्ट्री को टीम ने मौके पर ही बंद कराकर सील कर दिया और जुर्माना लगाने के लिए रिपोर्ट लखनऊ भेज दी गई है। डा. योगेंद्र कुमार का कहना है कि जनपद में अलग-अलग टीमें निरीक्षण और कार्रवाई करती रहेगी। प्रदूषण फैलाने वाले उद्योगों पर कार्रवाई की जाएगी। कूड़ा जलाने पर भी कैंट बोर्ड और नगर निगम व शोभित विवि व पांच कोल्हू पर पहले ही जुर्माना लगाया गया है।
वायु प्रदूषण रोकने को कैंट बोर्ड ने कसी लगाम
वायु प्रदूषण रोकने को कैंट बोर्ड ने भी कमर कस ली है। शुक्रवार को कैंट बोर्ड सीईओ नवेन्द्र नाथ के निर्देशों पर कैंट क्षेत्र के सभी आठों वार्डों और बाजारों में पानी का छिड़काव कराया गया।
सफाई अधीक्षक वीके त्यागी ने बताया कि क्षेत्र के सभी बाजारों में गाड़ियां लगाकर वहां छिड़काव कराया गया। इसके अलावा क्षेत्र में बिल्डिंग मटीरियल खुले में बेचने वालों को भी सख्त निर्देश दिये गये कि वह उसे ढक कर रखें व समय समय पर पानी का छिड़काव करते रहें।
मोदीपुरम: प्रदूषण पहुंचा 360 पर, हालत नाजुक
शहर में लगातार प्रदूषण बढ़ रहा है। पल्लवपुरम में सबसे अधिक प्रदूषण रहा। हाइवे पर रैपिड रैल और मेट्रो रेल का काम होने के कारण यह प्रकोप लगातार बढ़ रहा है। महानगर में प्रदूषण का प्रकोप कम नहीं हो रहा है।
अब भी प्रदूषण का प्रकोप 350 के पार चल रहा है। बढ़ता प्रदूषण मानव स्वास्थ्य पर भी प्रभाव डाल रहा है। लोगों को सांस लेने में भी परेशानी हो रही है। अगर यही हाल रहा तो आने वाले दिनों में लोग बीमारी का शिकार हो जाएंगे।
इन शहरों में प्रदूषण की स्थिति
- मेरठ 360
- बागपत 343
- गाजियाबाद 376
- ग्रेटर नोएडा 386
- मुजफ्फरनगर 259
मेरठ के इन स्थानों पर प्रदूषण की स्थिति
- गंगानगर 342
- जयभीमनगर 358
- पल्लवपुरम 381

