जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: इंडियन फिल्म फेस्टिवल ऑफ मेलबर्न (IFFM) 2026 में भारतीय सिनेमा के कई बड़े सितारों और फिल्मों ने अलग-अलग श्रेणियों में पुरस्कार अपने नाम किए। ऋषभ शेट्टी, दुलकर सलमान, कीर्ति कुल्हारी, विजय वर्मा और रसिका दुग्गल समेत कई कलाकारों को सम्मान मिला। वहीं दिग्गज अभिनेत्री रेखा को ‘एक्सीलेंस इन सिनेमा’ अवॉर्ड से सम्मानित किया गया।
अभिनेत्री रानी मुखर्जी को फिल्म इंडस्ट्री में 30 साल पूरे करने के लिए विशेष सम्मान दिया गया। इस साल की पुरस्कार सूची में मुख्यधारा की फिल्मों के साथ स्वतंत्र सिनेमा, डॉक्यूमेंट्री, शॉर्ट फिल्म और वेब सीरीज को भी जगह मिली।
IFFM 2026 की पूरी विनर्स लिस्ट
- बेस्ट फिल्म: लोका चैप्टर 1: चंद्रा
- बेस्ट फिल्म स्पेशल मेंशन: द ग्रेट शमशुद्दीन फैमिली
- बेस्ट इंडी फिल्म: नॉट ए हीरो — रीमा दास
- स्पेशल मेंशन इंडी फिल्म: बबूल के फूल — किक्रान डी फुल्ल
- बेस्ट डायरेक्टर: ऋषभ शेट्टी — कंतारा: ए लेजेंड-चैप्टर 1
- बेस्ट एक्टर: दुलकर सलमान — कांथा
- बेस्ट एक्ट्रेस: कीर्ति कुल्हारी — फुल प्लेट
- सब-कॉन्टिनेंट से बेस्ट फिल्म: नो गुड मेन — शहरबानो सादात
- बेस्ट डॉक्यूमेंट्री फिल्म: फ्लाइंग टाइगर्स — मधुश्री डॉक्टर्स
- पीपल्स च्वाइस अवॉर्ड: सैयारा
- सिनेमा में समानता अवॉर्ड: सितारे जमीन पर
- स्पेशल मेंशन, सिनेमा में समानता: सिमरन मंगेशकर — सितारे जमीन पर
- रेनबो स्टोरीटेलर अवॉर्ड: लाला और पोपी
- शॉर्ट फिल्म प्रतियोगिता (ऑस्ट्रेलिया): मिट्टी का वजन
- लघु फिल्म प्रतियोगिता (भारत): जो की बारी
- बेस्ट एक्टर (सीरीज): विजय वर्मा — मटका किंग
- बेस्ट एक्ट्रेस (सीरीज): रसिका दुग्गल — दिल्ली क्राइम 3
- बेस्ट सीरीज: फ्रीडम एट मिडनाइट, सीजन 2
- आर्टिस्ट ऑफ डिस्टिंक्शन: पंकज त्रिपाठी
- स्पेशल रिकग्निशन: रानी मुखर्जी — सिनेमा में 30 साल पूरे करने के लिए
- लीडरशिप इन सिनेमा: ऋषभ शेट्टी
- एक्सीलेंस इन सिनेमा: रेखा
भारतीय सिनेमा की विविधता को मिला मंच
इंडियन फिल्म फेस्टिवल ऑफ मेलबर्न भारत के बाहर आयोजित होने वाले प्रमुख भारतीय फिल्म फेस्टिवल्स में शामिल है। फेस्टिवल में भारत के अलग-अलग क्षेत्रों और भारतीय उपमहाद्वीप की फिल्मों को मंच मिलता है।
IFFM में बड़े सितारों और चर्चित फिल्मों के अलावा स्वतंत्र सिनेमा, नए फिल्ममेकर्स, डॉक्यूमेंट्री और अलग-अलग समुदायों की कहानियों को भी सम्मान दिया जाता है। 2026 की पुरस्कार सूची में भी भारतीय सिनेमा की इसी विविधता की झलक देखने को मिली।

