- किठौर विधानसभा क्षेत्र में बसपा को मिले मात्र 21,392 वोट
- सपा प्रत्याशी ने 1,10,315 वोट हासिल किए
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: मेरठ-हापुड़ लोकसभा सीट पर बसपा अपनी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव बाबू मुनकाद अली के घर में भी पस्त हो गई। किठौर विधानसभा क्षेत्र में भी बसपा को करारी हार का सामना करना पड़ा। इस क्षेत्र में बसपा के मुकाबले सपा लगभग पांच गुना वोट हासिल करने में कामयाब रही। मेरठ-हापुड़ लोकसभा सीट पर इस बार एनडीए गठबंधन की ओर से भाजपा के सिंबल पर अरुण गोविल को चुनावी मैदान में उतारा गया था। इंडिया गठबंधन की ओर से सपा के सिंबल पर हस्तिनापुर के पूर्व विधायक योगेश वर्मा की पत्नी और पूर्व मेयर सुनीता वर्मा को चुनावी रण में उतारा गया था तथा बसपा ने दवा कारोबारी देवव्रत त्यागी को चुनावी अखाड़े में उतारा था।
बसपा रही फाइट से बाहर
इस सीट पर भाजपा व सपा प्रत्याशी के बीच कड़ा मुकाबला हुआ, जबकि बसपा फाइट से बाहर हो गई। भाजपा के अरुण गोविल 5,46,469 वोट पाकर जीत हासिल की, जबकि सपा की सुनीता वर्मा 5,35,884 वोट पाकर दूसरे स्थान पर रहीं। बसपा के देवव्रत त्यागी मात्र 86,693 वोट हासिल कर पाए। बसपा अपने प्रत्याशी की जमानत भी नहीं बचा पाई। खास बात ये है कि बसपा के राष्ट्रीय महासचिव बाबू मुनकाद अली किठौर के रहने वाले हैं। इस विधानसभा क्षेत्र में भी बसपा को करारी हार का सामना करना पड़ा।
वोट बटोरने में तीनों प्रत्याशी रहे अव्वल
इस विधानसभा क्षेत्र में सपा प्रत्याशी सुनीता वर्मा ने 1,10,315 वोट हासिल किए, जबकि भाजपा के अरुण गोविल ने 93,578 वोट हासिल किए। बसपा के देवव्रत त्यागी मात्र 21,392 वोट ही हासिल कर पाए। इस विधानसभा क्षेत्र के छह बूथ पर तो बसपा का खाता ही नहीं खुल सका, जबकि 131 बूथ ऐसे थे। जिन पर 10 या 10 से कम वोट ही बसपा के पक्ष में पड़े। 76 बूथ ऐसे थे, जिन पर बसपा 100 से कम ही वोट हासिल कर पाई। मात्र छह बूथ ऐसे रहे जिनपर बसपा ने सभी प्रत्याशियों को पिछड़कर लीड हासिल की।
सपा ने 200 बूथों पर भाजपा को पछाड़ा
जबकि सपा प्रत्याशी ने 200 बूथों पर भाजपा को पछाड़ दिया, लेकिन 189 बूथों पर भाजपा प्रत्याशी ने सपा प्रत्याशी से बढ़त बनाई। किठौर विधानसभा क्षेत्र में बसपा का इतना बुरा प्रदर्शन रहेगा किसी को उम्मीद नहीं थी। इस क्षेत्र में मुस्लिम और दलित मतदाताओं की अच्छी खासी संख्या है, लेकिन यहां के मुस्लिमों ने बसपा को सिरे से नकार दिया। गौरतलब है कि 2022 के विधानसभा चुनाव में किठौर सीट पर बसपा ने 31,498 वोट हासिल किए थे, लेकिन लोकसभा चुनाव में इस क्षेत्र से बसपा को दस हजार का नुकसान हुआ।

