- कोरोना के बाद से हालात बद से बदतर, मल्टीप्लैक्स में भी नहीं पहुंच रहे लोग
- 100 प्रतिशत दर्शकों के साथ शो चलाने के नहीं पहुंचे आदेश
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: सिनेमाघरों की हालत किसी से छिपी नहीं है। सिंगल स्क्रीन सिनेमाघर ज्यादातर बंद हो चुके हैं जो बचे भी हैं उनके कोरोना काल के बाद से हालात बद से बदतर हैं। सिंगल स्क्रीन सिनेमाघर संचालकों ने अब भी या तो सिनेमाघरों को बंद किया हुआ है। जहां कुछ फिल्मे चल भी रही हैं तो वहां फिल्मे ऐसी हैं जिन्हें देखने दर्शक नहीं पहुंच रहे हैं।
जिसके चलते सिंगल स्क्रीन सिनेमाघर अच्छी फिल्म के इंतजार में हैं तो मल्टीप्लैक्स संचालकों को डीएम की ओर से 100 फीसदी दर्शकों के साथ फिल्म चलाने के आदेशों को इंतजार है। मेरठ में निशात, नंदन, अप्सरा, रीगल समेत कुछ ही सिंगल स्क्रीन सिनेमाघर बचे हैं। इनमें से कुछ में जो फिल्मे चल रही हैं उन्हें लोग देखना पसंद नहीं कर रहे हैं जिस कारण सिनेमाघर संचालकों को कोई मुनाफा नहीं हो रहा है।
मेरठ में रीगल और अप्सरा में फिल्म चल रही है, लेकिन नंदन और निशात सिनेमा बिल्कुल बंद है। इन्हें एक अच्छी फिल्म का इंतजार है। जिसके बाद सिंगल स्क्रीन सिनेमाघरों की स्थिति में सुधार होने की संभावना रहेगी।
बड़ी फिल्म का है इंतजार
आबूलेन स्थित निशात सिनेमा के संचालक दीपक सेठ का कहना है कि कोरोना के बाद से फिल्मों का संचालन बंद कर दिया गया था। धीरे-धीरे हालता सुधरे, लेकिन फिल्मों का चलना शुरू नहीं हो पाया है। अभी भी कोरोना पूरी तरह गया नहीं है। कोरोना का असर फिल्मों पर इस कदर पड़ा कि अच्छी फिल्मों आना ही बंद हो गया। लोग इंटरनेट पर वेब सीरीज या अन्य फिल्मों को देखना पसंद करने लगे।
कोरोनो में कुछ हालात सुधरने के बाद सिनेमाघर पचास फिसदी दर्शकों के साथ चलाने की अनुमति भी मिली, लेकिन जब फिल्में ही अच्छी नहीं आ रहीं तो सिनेमाघर चलाने से कोई लाभ नहीं होगा। अब जैसे ही कोई बड़ी फिल्म आती है तो सिनेमा को शुरू किया जाएगा।
वहीं, हापुड़ अड्डा स्थित नंदन सिनेमा के संचालक देवेश त्यागी का कहना है कि उनकों ब्लॉक बस्टर फिल्म के आने का इंतजार है, जिसके बाद सिनेमाघर का संचालन शुरू किया जाएगा। अभी बड़ी फिल्म न आने के कारण सिनेमाघर नहीं चल रहा है। कोविड को देखते हुए भी ऐतियात बरती जा रही थी। अब बस हमें एक अच्छी फिल्म का इंतजार है जिसके बाद हालात सही होंगें।
दो या तीन ही आ रहे दर्शक
रीगल सिनेमा को संचालक रमेश गोयल का कहना है कि छोटी फिल्में चलने के कारण रोजाना पब्लिक कम होती है। रविवार को स्थिति यह है कि दो या तीन दर्शक ही फिल्म देखने पहुंच रहे हैं। अच्छी फिल्म आने के बाद ही स्थिति थोड़ी ठीक होने की उम्मीद है।
शनिवार हो या रविवार दर्शक नदारद
एक फरवरी से प्रदेश भर में सिनेमाघरों को 100 फीसदी दर्शकों के साथ चलाने के निर्देश जारी किये गये, लेकिन मेरठ में अभी डीएम की ओर से यह निर्देश जारी नहीं किये गये हैं। मल्टीप्लैक्स में जो फिल्मे चल रही हैं संचालक अभी भी वहां कोविड की ऐतियात बरत रहे हैं और सरकार द्वारा जारी किये गये नियमों का पालन कर रहे हैं, लेकिन दर्शक फिल्मे देखने नहीं पहुंच रहे हैं।
पीवीएस स्थित इनॉक्स के मैनेजर मनोज मिश्रा ने बताया कि अभी फिल्में बड़ी न होने के कारण दर्शक कम हैं। शनिवार हो या रविवार दर्शक कम ही होते हैं क्योंकि बड़ी फिल्मे नहीं है। उन्होंने बताया कि अभी डीएम की ओर से 100 फीसदी दर्शकों के साथ शो चलाने की अनुमति नहीं मिली है। डीएम के आदेशों और बड़ी फिल्म का इंतजार है।

