- सिल्ट से भरीं नाले नालियां, बिना बारिश जलभराव, बाजारों, गली-मोहल्लों में लगे कूड़े के ढेर
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: त्योहारी सीजन में भी महानगर में सफाई व्यवस्था ध्वस्त है। नगर निगम और बीवीजी कंपनी कागजों में सफाई दर्शा रही है, जबकि हकीकत यह है कि अधिकांश क्षेत्रों में नाले नालियां सिल्ट से भरीं हैं और बिना बारिश जलभराव हो रहा है। गली मोहल्लों से लेकर बाजारों तक में कूड़े के ढेर लग रहे हैं। ये आलम तो तब है जब प्रदेशभर में संचारी रोग नियंत्रण अभियान चलाया जा रहा है। गंदगी के चलते लोगों का जीना मुहाल है।
नगर निगम ने त्योहारी सीजन में महानगर में विशेष सफाई व्यवस्था कराने की योजना बनाई थी। महानगर के सभी बाजारों में सुबह और रात को कूड़ा कलेक्शन की व्यवस्था की गई थी, लेकिन यह व्यवस्था नवरात्र के शुरू में ही दम तोड़ गई। महानगर की आबादी लगभग 26 लाख है। महानगर में 90 वार्ड हैं। यहां रोजाना करीब 1100 मैट्रिक टन कूड़ा निकलता है। नगर निगम में 2415 सफाईकर्मी स्थाई तथा 22 सौ आउट सोर्सेस के सफाईकर्मी हैं। सफाई को लेकर नगर निगम ने महानगर को तीन जोन में बांट रखा है।
कंकरखेड़ा, सूरजकुंड और दिल्ली रोड जोन। 90 वार्ड में से 73 वार्ड में डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन का ठेका बीवीजी कंपनी को दे रखा है, जबकि 17 वार्ड में नगर निगम कूड़ा कलेक्शन करता है। सांसद अरुण गोविल ने पिछले माह नगरायुक्त सौरभ गंगवार को अपने कार्यालय बुलवाकर त्योहारी सीजन में महानगर में विशेष सफाई व्यवस्था कराने को कहा था। नगरायुक्त ने सांसद को भरोसा दिलाया था कि जहां जहां श्रीराम लीला का आयोजन होगा या जहां जहां से शोभायात्राएं निकाली जाएंगी। वहां विशेष सफाई व्यवस्था होगी।
इसके अलावा पूरे महानगर सफाई व्यवस्था चाक चौबंद होगी, लेकिन महानगर में सफाई व्यवस्था बुरी तरह लड़खड़ा रही है। महानगर के पुरानी क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था बेहद खराब है। घंटाघर, लाला का बाजार, जत्तीवाड़ा, दवा मार्केट खैरनगर बाजार, जली कोठी, पूर्वा फैयाज अली, मकबरा डिग्गी, मकबरा अब्बू, भटीपुरा, ईदगाह, ईश्वरपुरी, जाटव गेट, पुर्वा इलाही बख्श, शाहनत्थन, करम अली, गुदड़ी, सराय बहलीम, रांगड़ों की चौपाल, पड़ियान, शाहघासा, शोहराब गेट, शाहपीर गेट, सुभाष नगर, पुरानी मोहनपुरी, ब्रह्मपुरी, इंदिरानगर, मास्टर कालोनी, पंजाबीपुरा, गणेशपुरी, खत्ता रोड, तारापुरी, रशीदनगर, सद्दीकनगर, श्यामनगर, कांच का पुल, फतेहउल्लापुर रोड, इस्लामाबाद, गोला कुंआ, करीम नगर में जगह-जगह कूड़े के अंबार लगे रहते हैं।
इन क्षेत्रों में अक्सर बिना बारिश के जलभराव हो जाता है। क्षेत्रवासी गंदगी और जलभराव को लेकर खासे परेशान हैं। बाहरी बस्ती नूरनगर, लिसाड़ी, लाला मोहम्मदपुर, फतेहउल्लाहपुर, फाजलपुर, मलियाना, इस्लामनगर, टीपीनगर आदि क्षेत्रों में भी गंदगी से लोग परेशान हैं। लोगों द्वारा नगर निगम के साथ-साथ प्रशासनिक अधिकारियों तक से समय-समय पर गुहार की जाती है, लेकिन समस्या जस की तस बनी है। ऐसे में महानगर में अनेक बीमारियों के पांव पसारने का खतरा बढ़ता जा रहा है।
गंदगी, जलभराव के विरोध में खैरनगर के व्यापारियों का प्रदर्शन
गंदगी, जलभराव और बुरी तरह क्षतिग्रस्त सड़क आदि समस्याओं के विरोध में रविवार को खैरनगर बाजार के व्यापारियों ने बाजार में प्रदर्शन किया। उन्होंने नगर निगम के खिलाफ नारेबाजी की। व्यापारियों शीघ्र समस्याओं का निराकरण नहीं किया गया तो वे बाजार बंद कर बेमियादी धरना शुरू कर देंगे। खैरनगर बाजार में सड़क बुरी तरह क्षतिग्रस्त हैं, नाले और नालियां सिल्ट से अटी हैं, यहां बिना बारिश के जलभराव होता है। गोकुल वाली गली, मिरासियों वाली गली, पत्थर वालान की गली, तेलियों वाली गली में बिना बारिश के जलभराव हो जाता है। जलभराव होने से गड्ढों का पता नहीं चल पाता और दुपहिया वाहन व साइकिल सवार लोग गिरकर चोटिल हो जाते हैं।
उक्त समस्याओं से परेशान खैरनगर बाजार के व्यापारियों ने रविवार को बाजार में प्रदर्शन किया। उन्होंने नगर निगम के अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी की। मेरठ कैमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के महामंत्री रजनीश कौशल ने कहा कि नगर निगम के अधिकारियों से कई बार लिखकर शिकायत की, लेकिन समस्याओं का निराकरण नहीं हुआ। उन्होंने ने व्यापारी इकट्ठा होकर महापौर से गुहार करेंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र उनकी समस्याओं को निराकरण नहीं किया गया तो वे बाजार बंद करके बेमियादी धरना प्रदर्शन शुरू कर देंगे। प्रदर्शनकारियों पवन, संजय, गुलशन, नवीन, नईम, पार्षद पति हसीन अहमद, पप्पू, सरताज आदि शामिल रहे।

