- सूरजकुंड स्थिति एक निर्माणाधीन कॉम्प्लेक्स पर मेरठ विकास प्राधिकरण के इंजीनियरों ने की कार्रवाई
- कागजों में नोटिस भेज की कार्रवाई
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: सूरजकुंड स्थिति एक निर्माणाधीन कॉम्प्लेक्स पर मेरठ विकास प्राधिकरण के इंजीनियरों ने कार्रवाई कर दी है। इंजीनियरों ने यह कार्रवाई सिर्फ कागजों में की है। धरातल पर कुछ नहीं।
दरअसल, पूरा कॉन्प्लेक्स अवैध रूप से बन रहा है, जिसे मेरठ विकास प्राधिकरण के इंजीनियरों ने सिर्फ कागजों में नोटिस भेजकर खानापूर्ति कर दी है। प्राधिकरण इंजीनियरों से जब इस बाबत पूछा गया तो यह तो मान गए कि कॉम्प्लेक्स अवैध बन रहा है, लेकिन कॉम्प्लेक्स के खिलाफ क्या कार्रवाई की? इस पर उनका कहना था कि नोटिस भेज दिए हैं।
ग्राउंड फ्लोर से लेकर दूसरी मंजिल तक कॉम्प्लेक्स बन गया और अभी तक मेरठ विकास प्राधिकरण ने सिर्फ नोटिस की ही कार्रवाई की है। सील तक बिल्डिंग पर नहीं लगाई गई। यही वजह है कि निर्माणकर्ता का लगातार दुस्साहस बढ़ता चला गया, जिसके चलते दो मंजिल तक का निर्माण पूरा कर दिया।
अब उससे आगे निर्माण किया जा रहा है। यहां पर यह पहला निर्माण नहीं है, बल्कि सूरजकुंड नगर निगम डिपो से लेकर विक्टोरिया पार्क तक कई अवैध निर्माण कर दिए गए, जो सभी व्यवसायिक हैं। इसमें प्राधिकरण की तरफ से कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।
इसी तरह से कंकरखेड़ा स्थित बिजलीघर से सटकर तीन मंजिली इमारत अवैध रूप से बना दी गई है। इसका भी कोई मानचित्र मेरठ विकास प्राधिकरण से स्वीकृत नहीं है। फिर भी बिल्डिंग बनती जा रही है। यह तो आॅन रोड चल रहा है, जिसमें एमडीए के इंजीनियरों ने आंखें मूंद ली है।

