Sunday, March 29, 2026
- Advertisement -

कोरोना: कहीं घटा न दे मतदान का प्रतिशत

  • वायरल का प्रकोप, हर घर में बीमार, कैसे डालेंगे वोट
  • 2017 में हुआ था 66.89 प्रतिशत मतदान
  • मतदान प्रतिशत पर पड़ेगा कोरोना का असर, रोजाना आ रहे हजारों केस

जनवाणी संवाददाता |

मेरठ: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के पहले चरण में यहां मेरठ में मतदान होना है। यहां 10 फरवरी को मतदान होना है और यहां लगातार कोरोना के मामले बढ़ते जा रहे हैं। यह आंकड़े तो वह हैं जो सरकारी खातों में दर्ज हैं, लेकिन जो लोग घर पर ही रहकर अपना इलाज कर रहे हैं, उनकी संख्या कहीं अधिक है। ऐसे में अभी 10 फरवरी को मात्र 20 दिन ही शेष है तो कहा जा सकता है कि कोरोना का असर मतदान प्रतिशत पर भी पड़ेगा। पहले जहां वर्ष 2017 में 66.89 प्रतिशत मतदान रहा था। वहीं, इस बार कोरोना इसे घटा भी सकता है।

Manoj Rathi 9

बता दें कि कोरोना ने यहां जनवरी माह में ही रफ्तार पकड़ी है। जनवरी माह की पांच जनवरी को सरकारी आंकड़े के अनुसार 92 कोरोना पॉजिटिव पाये गये थे। जिसके बाद यह संख्या लगातार बढ़ती गई है। छह जनवरी को कोरोना पॉजिटिव मामलों की संख्या 303 थी। वहीं, सात जनवरी को 405 और आठ जनवरी को 560 कोरोना के मामले सामने आये थे। यानि कि प्रतिदिन 100 केसों से अधिक का इजाफा हो रहा था, लेकिन अब यह हजार के पास पहुंच चुके हैं। 11 जनवरी को यह आंकड़ा 1030 रहा।

उसके बाद तो प्रतिदिन एक हजार तो कभी उससे अधिक मामले सामने आ रहे हैं। यह तो वह मामले हैं, जो सरकारी आंकड़ों के आधार पर हैं, लेकिन आज कोई घर ऐसा नहीं है। जिस घर में कोई बीमार न हो। ऐसे में इसका असर मतदान प्रतिशत पर भी पड़ना लाजिमी है।

मतदान तक और बिगड़ सकते हैं और भी हालात

रोजाना जिला अस्पताल, मेडिकल समेत कई जगहों पर कोरोना की जांच हो रही है, लेकिन जब जांच कराने वालों की संख्या अधिक होती है तो कोरोना पॉजिटिव केसों की संख्या भी अधिक होती है, लेकिन जांच कराने वालों की संख्या भी घटी है। जिस कारण सभी मरीज सामने नहीं आ रहे हैं। वर्तमान की बात करें तो इस समय हर घर में वायरल का शिकार मरीज है। लोग घरों में रहकर ही एहतियात बरत रहे हैं और खुद ही इलाज कर रहे हैं, लेकिन मरीजों की संख्या कम नहीं है।

मरीजों की संख्या कहीं अधिक है और अगर जांच बढ़ेगी तो मरीज भी अधिक ही मिलेंगे। इससे यह कहना गलत नहीं होगा कि आने वाले दिनों में कोरोना के मरीज और वायरल के मरीजों की संख्या अधिक होगी, क्योंकि आज हर डॉक्टर की क्लीनिक के बाहर मरीजों की लाइन लगी है। अगर मरीज बढ़ते हैं तो लोग मतदान करने भी नहीं जायेंगे। जिसका सीधा असर मतदान प्रतिशत पर ही पड़ेगा।

तारीख             कोरोना मामले

10 जनवरी        664

11 जनवरी       1030

12 जनवरी       876

13 जनवरी       1212

14 जनवरी       1119

15 जनवरी       1202

16 जनवरी       1061

17 जनवरी       1168

18 जनवरी       930

19 जनवरी       885

spot_imgspot_img

Subscribe

Related articles

भविष्य की सुपरस्टार हैं आयशा खान

एक्ट्रेस आयशा खान ने साल 2025 में फिल्म 'जाट'...

सेल्फ ऑब्सेशन के लिए जानी जाती हैं उर्वशी रौतेला

बॉलीवुड से लेकर इंटरनेशनल फैशन और ग्लैमर इंडस्ट्री तक...

मनोरंजन की गिरावट और मौन सेंसर बोर्ड

अजय जैन 'विकल्प' 'कृत्रिम बुद्धिमत्ता' के दौर में इन दिनों...

फरेब लाल का एआई और ठगी गई जनता

रामपुर गांव के आधुनिकतावादी 'फरेब लाल' ने जब इस...

भविष्य की रोशनी का वैश्विक संकल्प

प्रकृति और मनुष्य का रिश्ता आदिकाल से एक अटूट...
spot_imgspot_img