जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: विकास भवन सभागार में विकास कार्यों की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुये जिलाधिकारी के बालाजी ने कहा कि विकास कार्यों का कोई भी प्रोजेक्ट अनारंभ न रहें तथा निर्माण कार्यों की गुणवत्ता की समय-समय पर जांच करायी जाये। उन्होने कहा कि निर्माण कार्यो का निरीक्षण जिस विभाग के लिए निर्माण कार्य चल रहा है उसके अधिकारी भी समय-समय पर करें साथ ही निर्माण कार्यों को समय सीमा के अंदर पूर्ण कराया जाये। उन्होने पुलिस लाईन में करीब 47 करोड की लागत से बनने वाले ट्रांजिट हॉस्टल का कार्य जल्द प्रारम्भ करने के निर्देश भी दिये।
जिलाधिकारी के बालाजी ने 10 करोड़ से 15 करोड़ की लागत से 9 परियोजनाओं की समीक्षा की। उन्होने कहा कि सभी परियोजनाओं को समयसीमा अंतर्गत पूर्ण कराया जाये। उनके संज्ञान में लाया गया कि 3 परियोजनाएं पूर्ण हो चुकी है तथा 6 निमार्णाधीन है। उन्होने सभी परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की।
उन्होने स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण व नगरीय, प्रधानमंत्री आवासीय योजना ग्रामीण व शहरी तथा सडको का निर्माण, हाईवे के निर्माण, उर्वरक उपलब्धता, सांसद निधि व विधायक निधि के विभिन्न कार्यों की समीक्षा करते हुये कहा कि विकास कार्यों से सरकार की छवि बनती है। इसलिए विकास कार्यों को गुणवत्तापरक ढंग से व समयबद्धता के साथ पूर्ण करायें।
जिलाधिकारी ने करीब 47 करोड़ की लागत से पुलिस लाईन में बनाये जा रहे ट्रांजिट हॉस्टल का निर्माण कार्य जल्द प्रारंभ करने के निर्देश दिये। उन्होने लोक निर्माण विभाग द्वारा बनायी जा रही नई सड़कों का निर्माण, चौड़ीकरण आदि परियोजनाओं की समीक्षा की। उन्होने सांसद निधि व विधायक निधि के कार्यो को भी प्राथमिकता पर पूर्ण कराने के निर्देश दिये। जिलाधिकारी ने केन्द्र सरकार की महत्वांकांक्षी योजना प्रधानमंत्री आवासीय योजना ग्रामीण व शहरी के कार्यों की समीक्षा करते हुये कहा कि कम आय वर्ग के व्यक्ति के लिए सरकार द्वारा यह महत्वाकांक्षी योजना संचालित की जा रही है। इसलिए प्रधानमंत्री आवासीय योजना के कार्यो को गुणवत्तापरक ढंग से व समयबद्धता के साथ पूर्ण कराये साथ ही निर्माण कार्यों का आवश्यक रूप से निरीक्षण भी किया जाये।
जिलाधिकारी ने स्वच्छ भारत मिशन योजना की समीक्षा करते हुये कहा कि योजनान्तर्गत विभिन्न शौचालय बनाये गये है तथा जनपद एक खुले में शौच से मुक्त जनपद है। उन्होने कहा कि जो भी शौचालय बनाये गये है उसकी उपयोगिता भी सिद्ध होनी चाहिए। उन्होने निगम के अधिकारियों को सफाई व्यवस्था को दुरूस्त करने के निर्देश भी दिये। जिलाधिकारी ने कर-करेत्तर व राजस्व वसूली की समीक्षा भी की। इस अवसर पर सीडीओ ईशा दुहन, अपर जिलाधिकारी प्रशासन मदन सिंह गर्ब्याल, अपर जिलाधिकारी वित्त सुभाश चन्द्र प्रजापति, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. राजकुमार सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

