Monday, March 23, 2026
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Meerut News: बुलंदशहर में भीषण हादसे में पांच की मौत, 25 घायल

जनवाणी संवाददाता |

मेरठ: बुलंदशहर में अलसुबह बुलंदशहर-अनूपशहर रोड पर गांव रौंडा के समीप ट्रक और डीसीएम की आमने-सामने की भिड़ंत में दो महिलाओं समेत पांच लोगों की मौत हो गई, जबकि बच्चों समेत 25 घायल हो गए। घायलों को मेरठ के सरदार वल्लभभाई पटेल चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है। घायलों में एक दर्जन से अधिक हालत गंभीर है। भीषण हादसा शुक्रवार की प्रात: करीब चार बजे हुआ। शाहजहांपुर तथा हरदोई के करीब 35 ईंट भट्ठा मजदूर जिनमें महिलाएं और बालक भी शामिल थे, पंजाब में ईंट-भट्ठे से कार्य खत्म कर डीसीएम में आ रहे थे। बताया गया कि जब डीसीएम बुलंदशहर में बुलंदशहर-अनूपशहर मार्ग पर गांव रौंडा के समीप पहुंची तो उसकी भीषण टक्कर सामने से आ रहे ट्रक से हो गई। टक्कर लगते ही डीसीएम में सवार कई मजदूर सड़क पर जा गिरे। उनमें चीख-पुकार मच गई। सूचना पर जहांगीराबाद कोतवाली पुलिस और क्षेत्राधिकारी घटनास्थल पर पहुंचें। हादसे में घटनास्थल पर रवि (25) पुत्र रमेश तथा धनदेवी (60) पत्नी ललतू निवासीगण गांव मियांपुर, थाना सिंधौली, जनपद शाहजहांपुर तथा सुनील (32) पुत्र मंगतू निवासी गांव नटार, थाना सदर, जिला सिरसा, हरियाणा की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। जबकि नथिया देवी (40) पत्नी उमेश व कृष्णा (8) पुत्र छविनाथ की मेरठ के सरदार वल्लभभाई पटेल चिकित्सालय पहुंचने पर मौत हो गई। हादसे में घायल महिला व बच्चों समेत 25 लोगों को मेरठ मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है।

चालक की नशे की लत परिवारों पर कहर बनकर टूटी

पंजाब में ईंट भट्ठे पर सीजन समाप्त होने के बाद डीसीएम से अपने घरों शाहजहांपुर तथा हरदोई को लौट रहे भट्ठा मजदूर परिवारों के लिए डीसीएम चालक की नशे की लत कहर बनकर टूट पड़ी। चालक ने हादसे से कुछ समय पहले एक ढाबे पर शराब पी थी। जबकि वह डोडा पोस्त का सेवन पहले ही किए हुए था। नशे की झोंक के कारण चालक डीसीएम पर नियंत्रण नहीं रख सका जिससे उसकी सामने से आ रहे तेजगति ट्रक से जबरदस्त भिड़ंत हो गई। हादसे में जहां पांच लोगों की जान चली गई, वहीं दो दर्जन घायल हो गए। जिनमें कई की हालत गंभीर बनी है।

शुक्रवार की अलसुबह बुलंदशहर जनपद में बुलंदशहर-अनूपशहर रोड पर गांव रौंडा के समीप ट्रक और डीसीएम की आमने-सामने की भिड़ंत में दो महिलाओं समेत पांच लोगों की मौत हो गई, जबकि बच्चों समेत 25 घायल हो गए। घायलों को मेरठ के सरदार वल्लभभाई पटेल चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है। सरदार वल्लभभाई पटेल चिकित्सालय में भर्ती शाहजहांपुर के बिजेंद्र से जब हादसे का कारण पूछा तो उसने रोते हुए बताया कि हादसा सुबह लगभग चार बजे हुआ। वे डीसीएम के ऊपर हिस्से पर बांधी गई चारपाई पर लेटे हुए थे। डीसीएम के चालक ने हादसे से कुछ देर पहले रास्ते में एक ढाबे पर गाड़ी रोकी थी। जहां उसने जमकर शराब पी। चालक को शराब पीने से रोका भी गया था, लेकिन वह नहीं माना। बिजेंद्र ने बताया कि चालक डोडा पोस्त पहले से ही सेवन किए हुए था। शराब पीने के बाद चालक अत्यधिक नशे मेें हो गया। चालक को मजदूरों ने समझाया कि वह नशे में गाड़ी न चलाए, लेकिन वह नहीं माना।

इसके बाद वह नशे की हालत में ही डीसीएम को लेकर चल दिया। नशे के कारण चालक सामने से तेजगति से आए ट्रक से डीसीएम को नहीं बचा पाया। हादसे में उसके समेत तीन लोग सड़क पर दूर जाकर गिरे जिससे वे घायल हो गए। घटनास्थल पर चीख-पुकार मच गई थी। साथ हीं, उधर से गुजर रहे चालकों ने अपने वाहन रोक लिए थे। उन्होंने डीसीएम में फंसें मजदूरों को बाहर निकाला।

मेडिकल कालेज में भर्ती घायल

उमेश (50) पुत्र जयराम, बुलंदशहर, ललित (15) पुत्र रामचंद्र, हरदोई, पंचम (17) पुत्र सतीश, हरदोई, रोहिणी (12) पुत्री छविनाथ, हरदोई, परमवीर (24) रामचंद्र, हरदोई, मंजू (45) पत्नी रामचंद्र, हरदोई, तारा (32) पत्नी सोनू, हरदोई, नीतू (35) पत्नी रमाकांत, हरदोई, आयुषी (4) पुत्री रमाकांत, हरदोई, विजय (9) पुत्र उमेश, हरदोई, छोटी बेतिया (36) पत्नी छविनाथ, हरदोई, मोहिनी (14) पुत्री छविनाथ, हरदोई, बिजेंद्र (25) पुत्र लट्टू, हरदोई, नैना (डेढ़ वर्ष) पुत्री सोनू, हरदोई, सोनू (29) पुत्र सतीश, हरदोई, सतीश (49) पुत्र भोलेनाथ, हरदोई, निशान्त (8) पुत्र रमाकांत, शाहजहांपुर, तनु (4) पुत्री बिजेंद्र, शाहजहांपुर, आयुष (5) पुत्र बिजेंद्र, हरदोई, अजीत (15) पुत्र उमेश, शाहजहांपुर, सुमित (डेढ़ माह) पुत्र रमाकांत, हरदोई, रामचंद्र (40) पुत्र द्वारिका, हरदोई, उर्मिला (27) पत्नी वीरेंद्र, हरदोई प्रमुख हैं।

मां की मौत के बाद बिट्टो के नहीं रुके आंसू

सरदार वल्लभभाई पटेल चिकित्सालय के डेंगू वार्ड में वैसे तो दो दर्जन से अधिक घायल भर्ती थे, लेकिन उमेश की पांच साल की बेटी बिट्टो का रो-रोकर बुरा हाल था। वह बुरी तरह सहम गई थी। बच्ची को नहीं पता था कि उसके सिर से उसकी मां नथिया देवी का साया उठ गया है। न ही, घायल उमेश को पता था कि उसकी पत्नी की हादसे में मौत हो चुकी है। हादसे में उमेश का सात साल का बेटा रणजीत व 19साल का रवि भी घायल हुए हैं। मेडिकल कालेज की एक महिला कर्मचारी बिट्टो को अपने आगोश में छिपाकर ढांढस बंधा रही थी।

घायलों के पहुंचते ही मची अफरा-तफरी

बुलंदशहर सड़क हादसे में घायल हुए दो दर्जन से अधिक महिला, बच्चों और पुरुषों को प्रात: करीब आठ बजे मेरठ के सरदार वल्लभाई पटेल चिकित्सालय के इमरजेंसी वार्ड में लाया गया। घायलों के पहुंचते ही अस्पताल में चीख-पुकार मच गया। इसके बाद घायलों को सीधे पूर्व के डेंगू वार्ड में भर्ती कराया गया। एक बेड पर दो-दो तीन लोग भर्ती रहे। साथ ही, व्यवस्थाओं का बोलबाला था। डेंगू वार्ड जहां पर घायलों को भर्ती किया गया, वहां अत्यधिक गर्मी पड़ने के बावजूद एसी ठप पड़े थे। एसी सही कराने में ही अपराह्न के तीन बज गए।

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