- कन्याओं को स्वावलंबी बनाने की कवायद में जुटा शांतिकुंज
जनवाणी ब्यूरो |
नजीबाबाद: शांति कुंज हरिद्वार के जोनल कार्यालय गायत्री शक्ति पीठ पर कन्याओं को स्वावलंबी बनाने की कवायद शुरू करते हुए कन्या कौशल प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें पहले दिन प्रशिक्षणार्थियों को सिलाई मशीन की सहायता से घर पर ही मास्क तैयार करना सिखाया गया।
मंगलवार को नजीबाबाद-बिजनौर मार्ग पर स्थित शांति कुंज हरिद्वार के जोनल कार्यालय गायत्री शक्ति पीठ पर कन्याओं को स्वावलंबी बनाने के उद्देश्य से कन्या कौशल प्रशिक्षण शिविर मे गायत्री पीठ के व्यवस्थापक डा. दीपक कुमार ने कहा कि कन्याएं सौभाग्य का प्रतीक हैं।
जिसके कारण सनातन धर्म में विवाह के समय की जाने वाली कन्या दान की परम्परा को महादान की श्रेणी में रखा गया है। कन्या को सुरक्षित रखना, संस्कारवान और स्वावलंबी बनाना माता-पिता का परम कर्तव्य है। कन्या अपने संस्कारों से मायके व ससुराल दोनों को ही संवारती है।
उन्होंने कहा कि शिविर के दौरान प्रशिक्षणार्थी कन्याओं को सिलाई, कढ़ाई, पाक कला, अचार बनाने आदि का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके अलावा प्रशिक्षणार्थियों को संगीत, ढपली व ढोलक आदि बजाना, षोडस संस्कार, यज्ञ, दीप यज्ञ व प्रवचन आदि का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
प्रशि शिविर का शुभारंभ नीलम बरनवाल तथा हरीश शर्मा ने दीप प्रज्जवलित कर किया। पर्यवेक्षक दीपा रानी ने शिविर के पहले दिन सिलाई मशीन की सहायता से घर पर ही मास्क तैयार करना सिखाया। शिविर में कृति, निशा, सिमरन, मेघा, तनु, पूजा, श्वेता और अनु गुप्ता ने प्रशिक्षण प्राप्त किया।

