जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: अमेरिका के जॉर्जिया राज्य से रिपब्लिकन पार्टी की सांसद मार्जोरी टेलर ग्रीन ने कांग्रेस से इस्तीफे का ऐलान कर राजनीतिक हलकों में सनसनी मचा दी है। ग्रीन, जो कभी पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की करीबी मानी जाती थीं, अब उनके सबसे मुखर आलोचकों में शामिल हो चुकी हैं। दोनों के बीच हाल के महीनों में कई बार सार्वजनिक रूप से तीखी बहस भी देखी गई। ग्रीन ने अपने फैसले की घोषणा 10 मिनट से अधिक लंबे ऑनलाइन वीडियो में की। इसमें उन्होंने कहा कि वॉशिंगटन डी.सी. में उन्हें हमेशा नफरत की नजर से देखा गया और वह कभी भी वहां फिट नहीं हो सकीं।
दोनों के बीच सार्वजनिक तौर पर हुई अनबन
ग्रीन ट्रंप की ‘मेक अमेरिका ग्रेट अगेन’ राजनीति के सबसे मुखर समर्थकों में से एक थीं। हालांकि हाल के महीनों में ट्रंप के साथ उनके संबंध बिगड़े थे और दोनों के बीच सार्वजनिक तौर पर अनबन हुई, क्योंकि मार्जोरी टेलर ग्रीन ने जेफ्री एपस्टीन से जुड़ी फाइलों के साथ-साथ विदेश नीति और हेल्थ केयर पर ट्रंप के रुख की आलोचना की थी। इसके बाद ट्रंप ने उन्हें गद्दार और पागल कहा और कहा कि जब वह अगले साल फिर से चुनाव लड़ेंगी तो वह उनके ख़िलाफ़ एक अन्य उम्मीदवार का समर्थन करेंगे।
कांग्रेस में 5 जनवरी, 2026 को होगा आखिरी दिन
वीडियो में मार्जोरी टेलर ग्रीन कहा कि उनका कांग्रेस में आखिरी दिन 5 जनवरी, 2026 होगा। मार्जोरी के एलान पर अभी तक व्हाइट हाउस ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। ग्रीन पांच साल पहले अपना राजनीतिक करियर शुरू करने के बाद से ही ट्रंप के साथ करीब से जुड़ी हुई थीं। ग्रीन ने QAnon थ्योरी को अपनाया और श्वेत सर्वोच्चता की समर्थक रहीं। इसे लेकर पार्टी नेताओं ने ग्रीन का विरोध भी किया लेकिन ट्रंप ने उनका स्वागत किया। ग्रीन ने 2019 में तर्क दिया कि सांसद इल्हान उमर और रशीदा तलीब, दोनों मुस्लिम महिलाएं, कांग्रेस की आधिकारिक सदस्य नहीं थीं क्योंकि उन्होंने अपने शपथ ग्रहण समारोहों में बाइबल के बजाय कुरान की शपथ ली थी।

