- पल्लवपुरम पुलिस ने किया प्रकरण का खुलासा, तीन आरोपियों को भेजा जेल
जनवाणी संवाददाता |
मोदीपुरम: कलियुगी पिता अपनी बेटी के एक युवक से बात करने पर इस कदर नाराज हो गया कि उसने अपनी बेटी के जहरीला इंजेक्शन देकर हत्या कराने की योजना बना ली। जहरीला इंजेक्शन देने पहुंचे चिकित्सक और नर्स को अस्पताल के कर्मचारियों ने दबोच लिया और पल्लवपुरम पुलिस के सुपुर्द कर दिया।
पकड़े गए चिकित्सक और नर्स ने बताया कि पिता ने जहरीला इंजेक्शन देकर हत्या करने की योजना बनाई थी। जिसके बाद पुलिस ने चिकित्सक और नर्स के अलावा कलियुगी पिता को हिरासत में ले लिया और मुकदमा दर्ज कर न्यायालय में पेश किया। जहां से न्यायालय ने उन्हे जेल भेज दिया।
दरअसल, हुआ यूं कि कंकरखेड़ा के शिवलोक पुरी की रहने वाली नाबालिग युवती स्वेता को इलाज के लिए मोदीपुरम स्थित फ्यूचर प्लस अस्पताल में भर्ती कराया गया था । जहां युवती का इलाज अस्पताल में चल रहा था। अस्पताल के अंदर आज सुबह कंकरखेड़ा के शिवलोक पुरी का रहने वाला नरेश नाम का चिकित्सक और नर्स सोनिया को जहरीला इंजेक्शन लगाने पहुंचे।
दोनों को जब स्वेता के पास जाता देखा तो अस्पताल के कर्मचारियों को शक हुआ। अस्पताल के कर्मचारियों ने आनन-फानन में तुरंत दोनों को दबोच लिया और पुलिस को सूचना देकर अस्पताल में बुला लिया। थाना प्रभारी पल्लवपुरम अवनीश अष्टवाल ने बताया कि पकड़े गए चिकित्सक और नर्स से जब जानकारी की गई तो दोनों ने बताया कि युवती के पिता ने उसे जहरीला इंजेक्शन देने के लिए कहा था।
उसकी एवज में लाखों रुपये की धनराशि हमें देने के लिए कही थी। थाना प्रभारी ने बताया कि युवती किसी युवक से बातचीत करती थी। उसका बात करना उसके पिता को अच्छा न लगा। जिसके चलते उसे जान से मरवाने की योजना बना ली। आरोपी चिकित्सक और नर्स के अलावा कलियुगी पिता नवीन को हिरासत में लेकर न्यायालय के समक्ष पेश किया गया। न्यायालय ने सभी को जेल भेज दिया।

