जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: आगामी विधानसभा चुनावों की आहट के बीच बिहार की सियासत में हलचल तेज हो गई है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सोमवार को पटना के पोलो रोड स्थित अपने आवास पर प्रेस वार्ता कर कई बड़े चुनावी वादे किए। उन्होंने दावा किया कि बिहार की जनता इस बार बदलाव का मन बना चुकी है और महागठबंधन की सरकार बनते ही उनके द्वारा की गई घोषणाओं को प्राथमिकता के आधार पर लागू किया जाएगा।
जीविका दीदियों को मिलेगा सरकारी कर्मी का दर्जा
प्रेस वार्ता में तेजस्वी यादव ने सबसे बड़ी घोषणा जीविका दीदियों के लिए की। उन्होंने कहा कि वर्षों से जीविका से जुड़ी महिलाएं शोषण और उपेक्षा की शिकार रही हैं। महागठबंधन की सरकार बनते ही उन्हें सरकारी कर्मी का दर्जा दिया जाएगा। दीदियों को शुरुआती ₹30,000 वेतन मिलेगा और ₹2,000 प्रति माह अतिरिक्त भत्ता भी प्रदान किया जाएगा। इसके साथ ही उन्हें ब्याजमुक्त ऋण और ₹5 लाख तक का बीमा कवर देने का वादा भी किया गया।
संविदा कर्मियों को स्थायी करने का वादा
तेजस्वी यादव ने संविदा पर कार्यरत कर्मियों की स्थिति को लेकर भी गंभीर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि बेल्ट्रॉन और उर्मिला के माध्यम से काम कर रहे दो लाख से अधिक संविदाकर्मियों का शोषण अब और नहीं सहा जाएगा। महागठबंधन की सरकार बनते ही इन्हें स्थायी किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि संविदाकर्मियों का मेहनताना बिचौलियों और जीएसटी कटौती में चला जाता है, जो कि सरासर अन्याय है।
“MAA योजना” का ऐलान: मकान, अन्न और आमदनी
तेजस्वी यादव ने एक नई सामाजिक योजना “MAA योजना” की घोषणा की, जिसका उद्देश्य राज्य की माताओं और बहनों को सशक्त बनाना है। योजना के तहत “म” का मतलब मकान, “अ” का अर्थ अन्न और “आ” का संकेत आमदनी से है। इस योजना के माध्यम से हर परिवार की महिला सदस्य को ये तीन बुनियादी सुविधाएं दी जाएंगी।
हर परिवार में एक सरकारी नौकरी का संकल्प
तेजस्वी यादव ने दोहराया कि महागठबंधन की सरकार बनने के 20 दिनों के भीतर कानून बनाया जाएगा, जिसके अंतर्गत हर ऐसे परिवार जिसमें कोई भी सरकारी नौकरी नहीं है, वहां के एक सदस्य को नौकरी दी जाएगी। उन्होंने वादा किया कि 20 महीनों के भीतर इस संकल्प को जमीन पर उतारा जाएगा।
राजद के टिकट वितरण में सामाजिक संतुलन
इस चुनाव में राजद ने 143 सीटों पर अपने प्रत्याशियों की घोषणा की है। तेजस्वी यादव एक बार फिर वैशाली जिले की राघोपुर सीट से चुनावी मैदान में हैं। वहीं उनके भाई तेज प्रताप यादव की जगह इस बार महुआ से मुकेश रोशन को मौका दिया गया है। पार्टी ने सामाजिक समीकरण साधते हुए 50 यादव, 18 मुस्लिम, और 24 महिलाओं को टिकट दिया है। साथ ही 31 विधायकों को बेटिकट कर नई पीढ़ी को मौका देने का संदेश भी दिया है।
- तेजस्वी का दावा: “मैं जो कहता हूं, वो करता हूं”
अपने संकल्पों को दोहराते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि उनका पिछला 17 महीनों का उपमुख्यमंत्री कार्यकाल इसका गवाह है कि उन्होंने जो कहा, उसे जमीन पर उतारा। उन्होंने कहा, “अब बिहार केवल सरकार नहीं चुनेगा, बल्कि हर परिवार इस सरकार का हिस्साबनेगा। हमारी सोच केवल सत्ता तक सीमित नहीं, सेवा तक विस्तारित है।”

