नमस्कार, दैनिक जनवाणी डॉटकॉम वेबसाइट पर आपका हार्दिक अभिनंदन और स्वागत है। उत्तर भारत समेत यूपी में भी भीषण गरमी अब जानलेवा होती जा रही है। लगातार रिकॉर्ड बनाते पारे और लू-लपट ने नौतपा के छठे दिन बृहस्पतिवार को रिकॉर्ड 166 लोगों की जान ले ली है।
मौसम विभाग के मुताबिक, बुलंदशहर सबसे पहले 1978 में सर्वाधिक गरम हुआ था, उस दौरान 48.2 डिग्री पारा दर्ज हुआ था। इसी तरह अभी तक के उपलब्ध आंकड़ों को देखें तो काशी मई में इतनी गर्म कभी नहीं रही। वहीं लखनऊ भी इस सीजन में पहली बार बृहस्पतिवार को लू की चपेट में आया। यहां पर पारा 45.1 डिग्री दर्ज किया गया। राजधानी लखनऊ में भी रात गरम रही और पारा 32.4 डिग्री सेल्सियस रहा।
यूपी में गरमी से 166 मौतें
बुंदेलखंड और सेंट्रल यूपी में गरमी और लू से 47 लोगों की मौत हो गई। वाराणसी और आसपास के जिलों में 72 लोगों की जान चली गई। इनमें सेक्टर मजिस्ट्रेट, हेड कांस्टेबल, तीन रेलकर्मी, होमगार्ड और इंजीनियर भी शामिल हैं।
प्रयागराज में 11, कौशांबी में नौ, प्रतापगढ़ में एक, गोरखपुर में एक बच्ची समेत तीन की मौत हो गई। अंबेडकरनगर में लू लगने से चार की मौत हुई है। श्रीवस्ती व गोंडा में एक-एक व्यक्ति की मौत हुई है। झांसी में भी लू लगने से बीमार हुए छह लोगों की मौत हुई है। गाजियाबाद में एक नवजात समेत चार, आगरा में तीन, रामपुर, लखीमपुर खीरी, पीलीभीत और शाहजहांपुर में एक-एक की मौत हो गई।
कल के लिए अनुमान और चेतावनी
मौसम विभाग के वैज्ञानिकों के मुताबिक, राज्य में कुछ इलाकों में बौछारें पड़ने के आसार हैं। वहीं पश्चिम यूपी में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से धूल भरी हवा चल सकती है। कुछ इलाकों में लू और गर्म रात होने के आसार हैं। वहीं पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई इलाकों में लू चलने की चेतावनी जारी की गई है।
काशीः 1952 से अब तक इतनी गर्मी नहीं
आंचलिक मौसम विज्ञान केन्द्र के वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के मुताबिक, वाराणसी में मौसम का आकलन 1952 से हो रहा है। तब से अब तक के आंकड़े बता रहे हैं कि इतना तापमान वाराणसी में कभी नहीं रहा। वाराणसी में बृहस्पतिवार को रात का पारा भी सर्वाधिक 32.5 डिग्री दर्ज हुआ।
प्रयागराज की रात इतनी गर्म कभी नहीं रही, पारा 34 पार
मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, बुधवार को सर्वाधिक गरम रहने के बाद प्रयागराज के रात के पारे ने भी बृहस्पतिवार को रिकार्ड बनाया। न्यूनतम तापमान 34.2 डिग्री रहा। इससे पहले 16 जून 2019 को यहां का न्यूनतम पारा 33.9 डिग्री रिकार्ड हुआ था, जो अभी तक सर्वाधिक था।
शुरू हो गया है पारे में गिरावट का दौर