- विक्टोरिया पार्क कांड के पीड़ितों को मुआवजे के लिये प्रक्रिया तेज
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: अपर जनपद न्यायाधीश कोर्ट संख्या-15 हर्ष अग्रवाल ने बताया कि विक्टोरिया पार्क अग्निकांड से संबंधित प्रतिकर निर्धारण के लिए उच्च्तम न्यायालय द्वारा जो समयसीमा दी गयी थी। वह लगभग समाप्ति की ओर है, किन्तु किसी भी पीड़ित या मृतक के परिजनों की ओर से कोई भी प्रतिकर पाने के लिए आवेदन नहीं दिया गया है। इस संबंध में उच्चतम न्यायालय की ओर से पैरवी कर रहे संजय गुप्ता आदि की ओर से कोई भी प्रार्थना पत्र प्रतिकर निर्धारण के लिए न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत नहीं किया गया है।
ऐसे में यह सूचना जारी की जाती है कि जो भी प्रतिकर धनराशि के लिए प्रार्थना पत्र दिया जाना है। वह 15 जुलाई 2022 तक न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जाना सुनिश्चित करें अन्यथा उच्चतम न्यायालय नई दिल्ली को यह सूचना प्रेषित की जायेगी कि किसी भी पक्षकार को प्रतिकर धनराशि के लिए कोई आवेदन नहीं किया जाना है। प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किये जाने के लिए किसी भी प्रकार का वकालतनामा, किसी भी प्रकार का कोई निर्धारित प्रारूप अथवा विशेष योग्यता की कोई आवश्यकता नहीं है।
यह सभी वैकल्पिक है। प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किये जाते समय न्यायालय द्वारा यथासंभव सहायता पीड़ित अथवा मृतकों के आश्रितों को दी जायेगी। घटना से संबंधित कोई भी प्रार्थना पत्र प्रस्तुत करने के बाद भी दाखिल किये जा सकते हैं। उपरोक्त दिशा-निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित करते हुये 15 जुलाई 2022 व उससे पूर्व आवेदन न्यायालय के समक्ष दिया जा सकता है।
लखन सिंह तोमर को कोर्ट ने किया तलब
अपर जनपद न्यायाधीश कोर्ट संख्या-15 हर्ष अग्रवाल ने बताया कि प्रस्तुत मामले में जो मुआवजा के लिए आवेदन किये गये हैं। उसमें विपक्षी के रूप में लखन सिंह तोमर, प्रभात नगर मेरठ को भी पक्षकार के रूप में योजित किया गया है, किन्तु लखन सिंह तोमर न्यायालय के समक्ष उपस्थित नहीं हो रहे हैं और उनके द्वारा अपना पक्ष नहीं रखा गया है। लखन सिंह तोमर विपक्षी को उपस्थिति के लिए निर्देश दिया जाता है कि वह न्यायालय के समक्ष उपस्थित होकर अपना पक्ष अविलम्ब प्रस्तुत करें।

