- इस बार नहीं निकल सका जूलूस-ए-मोहम्मदी
जनवाणी संवाददाता |
नजीबाबाद: बारह रबीउल अव्वल नगर क्षेत्र में सादगी के साथ मनाई गई। कोविड 19 के चलते अंजमुन शाने मिल्लत की ओर से परम्परागत निकलने वाला जुलूस इस बार नहीं निकल सका। मछली बाजार में जलसे का आयोजन हुआ जिसमें उलेमाओं ने मोहम्मद साहब के बताए रास्ते पर चलकर अपनी दुनिया और अखिरत संवारने पर जोर दिया।
नगर में हुए जलसे में मुफ्ती अहसान रिजवी ने कहा कि मोहम्मद साहब की तमाम जिंदगी सभी के लिए नमूना है। उन्होंने नबी सल्ल. की सुन्नतों पर अमल करने पर जोर दिया। हाजी मोहम्मद जाहिद की सदारत व मौलाना महफूज रजा की निजामत में आयोजित जसले में मोहम्मद इदरीस, शाकिर शालू, शमशाद मुल्तानी, यासीन अली, डा. इसहाक, कारी शाकिर रिजवी, डा. मुजीबुरहमान, अल्ताफ खां, कारी मकसूद आदि मौजूद रहे। कोविड 19 के चलते इस बार लोगों ने घरों में रहकर ही जश्ने ईद मनाया। अंजुमन शाने मिल्लत के लोगों ने नवाब नजीबुद्दौला के आस्ताने पर जाकर फातेहा ख्वानी कर मुल्क में अमनो अमान की दुआ की।

