Friday, May 15, 2026
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महापौर ने नगर निगम में मारा छापा

  • कैश काउंटरों की सुरक्षा रामभरोसे, अधिकारी और कर्मचारी मिले गैर हाजिर, जताई नाराजगी

जनवाणी संवाददाता |

मेरठ: नगर निगम मुख्यालय जोन के आकस्मिक निरीक्षण में महापौर हरिकांत अहलूवालिया को दर्जनों अधिकारी व कर्मचारी गैर हाजिर मिले। नगर निगम के कैश काउंटरों की सुरक्षा भी राम भरोसे थी। जबकि जनता की समस्याएं सुनने वाला कोई अधिकारी ही नहीं था। एक साथ इतनी अधिक अव्यवस्थाएं देखकर महापौर सख्त नाराज हुए तथा अपर नगर आयुक्तों से नाराजगी जताते हुए व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के निर्देश दिये।

चार दिन पूर्व हाउस टैक्स बिल कम करने के नाम पर हुए डेढ़ लाख रुपये के रिश्वत कांड प्रकरण से नगर निगम के मठाधीशों की सभी सरकारी व गैर सरकारी कार्यालयों में चर्चा हो रही है। अधिकारी व कर्मचारी भी चटखारे ले-लेकर नगर निगम में हुए इस एपिसोड पर चर्चा कर रहे हैं। नगर निगम की धूमिल हो रही छवि को देखते हुए महापौर ने गत दिवस ही नगर आयुक्त का जवाब तलब किया था। बुधवार को महापौर हरिकांत अहलूवालिया ने आकस्मिक तौर पर नगर निगम मुख्यालय जोन पर छापा मारा।

सबसे हपले महापौर द्वारा केनरा बैंक बिल्डिगं स्थित गृहकर शास्त्री नगर जोन का निरीक्षण किया गया। उक्त अनुमाग में कर्मचारियों की उपस्थित कम रहने पर महापौर सख्त नाराज हुए। इसी अनुभाग में कई अधिकारी भी अपनी-अपनी सीटों से नदारद थे। मौके पर मौजूद मुख्य कर निर्धारण अधिकारी अवधेश कुमार ने सफाई दी कि अधिकत्तर कर्मचारियों की ड्यूटी वसूली में लगायी गयी है। इसलिए यहां कम कर्मचारी दिखाई दे रहे हैं। इस पर महापौर ने कहा कि कार्यालय में जनता भी तो अपने-अपने प्रकरण लेकर आयेगी।

फिर उनका काम कैसे होगा? उन्होंने कहा कि सुबह फील्ड में जाकर लंच अवधि से पहले कर्मचारी कार्यालय वापिस आ जायें तथा यहां भी मौजूद रहें। इसके बाद महापौर द्वारा गृहकर आरोपित करने की प्रक्रिया के विषय में जानकारी चाही गयी। जिस पर उपस्थित कर अधीक्षक द्वारा अवगत कराया गया कि कर निर्धारण की समस्त गणना स्वकर किताब में उपलब्ध है. जिससे कोई भी व्यक्ति रिकार्ड रूम से क्रय कर आसानी से अपने भवन का कर निर्धारण स्वयं ही कर सकता है।

महापौर द्वारा निर्देश दिये गये कि महानगर की जनता को अधिक से अधिक स्वकर निर्धारण की जानकारी देने के लिए प्रचार-प्रसार किया जाये, ताकि जनता स्वंय अपने भवनों व प्रतिष्ठानों का कर निर्धारण कर सके। इसके बाद महापौर द्वारा तीनों जोनों के गृहकर सम्बन्धी विवाद होने की स्थिति में बनाये गये आपत्ति काउन्टरों का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि उक्त काउन्टरों पर कोई भी दिशा-निर्देश पटिका नहीं थी तथा न ही सम्बन्धित अधिकारी के विषय में जानकारी उपलब्ध थी।

महापौर द्वारा तत्काल उक्का काउन्टरों पर सूचना अंकित करने एवं उक्त काउन्टरों की जानकारी के लिए विभिन्न माध्यमी से प्रचार-प्रसार के लिए निर्देश दिये गये। यहां से महापौर द्वारा कैश काउन्टर का भी निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उक्त काउन्टर पर कोई सुरक्षा व्यवस्था न होने पर नाराजगी जतायी। महापौर ने कहा कि कैश को लेकर इस तरह की लापरवाही बरतना बहुत ही गंभीर है। यदि कोई अप्रिय हादसा होता है तो उसके लिए किसकी जवाबदेही होगी। उन्होंने तत्काल कैश काउंटरों पर सुरक्षा के लिए एक सिपाही की तैनाती के लिए निर्देश दिये।

साथ ही महापौर द्वारा महानगर की जनता से आॅन-लाईन गृहकर आदि जमा करने के लिए प्रोत्साहित करने के लिए योजना बनाने के लिए निर्देश दिये गये। महापौर द्वारा सभी जोनों में महानग की जनता की सुविधा के लिए रोस्टर के अनुसार गृहकर निर्धारण एवं वसूली के लिए कैम्प लगाने के निर्देश भी दिये गये। निरीक्षण के दौरान अपर नगर आयुक्त ममता मालवीय, अपर नगर आयुक्त पंकज कुमार, मुख्य कर निरधारण अधिकारी अवधेश कुमार, भाजपा पार्षद राजीव गुप्ता काले, पार्षद दीपक वर्मा आदि उपस्थित रहे।

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