- मोबाइल नंबर पर लिंक भेजकर क्रेडिट कार्ड से तीन बार में साफ की रकम, एफआईआर दर्ज
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: साइबर अपराध से बचने के लिए लोगों को जागरूक करने वाले खुद पुलिसकर्मी भी अब इस जाल में फंसते नजर आ रहे हैं। साइबर अपराधी पुलिस वालों को भी अपनी बातों में फंसाकर ठगी कर रहे हैं। ऐसा ही एक मामला साइबर क्राइम थाना मेरठ में आया है। यहां दिल्ली पुलिस के एक एएसआई ने एफआईआर दर्ज कराते हुए बताया कि उसके साथ 1.77 लाख रुपये की ठगी की गई है। साइबर ठगों ने एक लिंक भेजकर उस पर क्लिक कराया और क्रेडिट कार्ड से तीन बार में रकम साफ कर दी।
कंकरखेड़ा क्षेत्र के रहने वाले अजय सिंह दिल्ली पुलिस में एएसआई के पद पर तैनात है। उन्होंने बताया कि मंगलवार दोपहर को उनके पास एक अंजान नंबर से कॉल आया। कॉलर ने खुद को इंडसइंड बैंक से बताकर बात की। कॉलर ने कहा कि आपका क्रेडिट कार्ड चार्जेबल है। अजय ने इससे इंकार करते हुए कहा कि बैंक ने क्रेडिट कार्ड देते हुए फ्री बताया था। इसके बाद ठगों ने उनके मोबाइल नंबर पर एक लिंक भेजने की बात कही और कहा कि इस लिंक पर क्लिक करने के बाद एक आॅपशन आएगा, जिस पर क्लिक करने से यह आॅफ हो जाएगा।
जिसके बाद पीड़ित एएसआई अजय ने ठगों के कहे अनुसार लिंक को ओपन करके बताए गए आॅपशन पर क्लिक कर दिया। बस फिर क्या था, अजय सिंह के मोबाइल नंबर पर तीन बार अलग-अलग ट्रांजेक्शन के मैसेज आए। जिसमें पहले 80 फिर 90 और फिर 60 हजार रुपये कट गए। कुल मिलाकर 1.77 लाख रुपये ठगो ने क्रेडिट कार्ड से उड़ा दिए। पैसे कटने के मैसेज आने के बाद एएसआई को ठगी का अहसास हुआ। जिसके बाद उसने तुरंत ही साइबर क्राइम थाने पर तहरीर दी। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज करते हुए आगे की कार्रवाई की।
साइबर क्राइम थाना प्रभारी निरीक्षक नेत्रपाल सिंह ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। जिन खातों में पैसे ट्रांसफर हुए है, उसकी डिटेल्स निकलवाई जा रही है। बैंक को भी खातों की रिपोर्ट भेजी जाएगी। खातों को फ्रीज कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ऐसे किसी भी बैंक आदि से कॉल नहीं आता है, ऐसे में कोई भी व्यक्ति इस तरह की कॉल को गंभीरता से ना लें। अगर कोई लिंक भेजता है, तो उसपर क्लिक कतई ना करें, यह फ्रॉड कॉल्स होती है।
व्यापारी से हजारों रुपये की ठगी
दौराला: मिल बाजार निवासी व्यापारी रामनिवास बंसल से बीती 30 अक्तूबर को दारोगा के नाम से एक अज्ञात व्यक्ति ने फोन कर 17 हजार रुपये ठग लिए। व्यापारी रामनिवास ने बताया कि वह बंसल किराना स्टोर के नाम से दुकान करता है। 30 अक्तूबर को उसके फोन पर कॉल आई। फोन करने वाले ने पूछा कि पहचाना क्या तो उसने कहा कि दारोगा बोल रहे हैं क्या? इस पर फोन करने वाले ने कहा कि हां में दारोगा बोल रहा हूं। तुमने अपनी दुकान पर सीसीटीवी कैमरे लगवा लिए की नहीं। कहा कि मेरा भाई अस्पताल में भर्ती है, 17 हजार की जरूरत है, जिस पर व्यापारी ने 17 हजार रुपये खाते में स्थानांतरण कर दिए। आरोप है कि अब तक पैसे नहीं आए, जिस पर उसे ठगी का अहसास हुआ। पीड़ित ने थाने पर तहरीर दी।
दवा कारोबारी से दो लाख की लूट
मेरठ: टीपीनगर थाना क्षेत्र में एक दवा कारोबारी से टप्पेबाजों ने 10 लाख रुपये लूट लिए। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंच गयी। बागपत रोड के देवश्री हाइटस निवासी आदेश गुप्ता पुत्र वेद प्रकाश गुप्ता स्कूटी से कैनरा बैंक जा रहे थे। उनके पास नोटों का बैग था। उन्हें कुछ युवकों ने यह कहकर रोक लिया कि एक्सीडेंट कर भागे हैं। एक शख्स घायल हो गया है। आदेश गुप्ता ने ऐसा कुछ नहीं किया था, लेकिन वह फिर भी रुक गए। उस दौरान बदमाश उनका नोटों वाला बैग लेकर भाग गए। पुलिस सीसीटीवी की मदद से बदमाशों के सुराग में लगी है।

