जनवाणी संवाददाता |
सहारनपुर: साइबर अपराधियों के शिकार बने एक पीड़ित को सहारनपुर पुलिस ने बड़ी राहत दी है। थाना साइबर क्राइम की सक्रिय कार्रवाई और सतत प्रयासों से पीड़ित के खाते में 1 लाख की धनराशि वापस कराई गई। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से पीड़ित ने राहत की सांस ली और सहारनपुर पुलिस का आभार जताया।
मामला 9 जुलाई 2024 का है। शहर के आवास विकास कॉलोनी निवासी कँवरदीप सिंह सेठी के मोबाइल पर एक अज्ञात व्यक्ति ने संपर्क किया और बिजली का बिल जमा करने के नाम पर व्हाट्सएप पर एक लिंक भेजा। पीड़ित ने जैसे ही लिंक पर क्लिक किया, उनके बैंक खाते से 1,63,275/- की धनराशि जालसाजों के खातों में ट्रांसफर हो गई।घटना की जानकारी मिलते ही पीड़ित ने थाना साइबर क्राइम, सहारनपुर में तहरीर दी। इस पर पुलिस ने धारा 420 भादवि व 66(D) आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी।वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आशीष तिवारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए धनराशि वापस कराने के निर्देश दिए। प्रभारी निरीक्षक साइबर क्राइम के नेतृत्व में टीम गठित की गई।साइबर क्राइम टीम ने आवश्यक वैधानिक प्रक्रिया पूर्ण की और अथक प्रयासों से वादी के खाते में 1,00,000/- (एक लाख रुपये) की धनराशि वापस कराई।
अपनी मेहनत की कमाई वापस मिलने पर पीड़ित ने सहारनपुर पुलिस और साइबर क्राइम टीम का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि पुलिस की यह कार्रवाई आम नागरिकों के मन में विश्वास और सुरक्षा की भावना को और मजबूत करती है।इस कार्रवाई में थाना साइबर क्राइम, सहारनपुर के प्रभारी निरीक्षक संजय कुमार, उ.नि. मुबारिक हसन, साबिर अली, है.का. रोहित कुमार, निशान्त तोमर, कांस्टेबल अंकित जाखड़, अंकित कुमार और रूपा की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी अज्ञात व्यक्ति के साथ ओटीपी साझा न करें।व्हाट्सएप या एसएमएस से प्राप्त संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें।साइबर अपराध से बचाव हेतु सतर्क और जागरूक रहें।

