जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: पूर्वी चंपारण जिले के चकिया थाना क्षेत्र के रामडीहा गांव में मंगलवार की सुबह लगभग 2:30 बजे STF और अपराधियों के बीच मुठभेड़ हुई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में दो कुख्यात अपराधी कुंदन ठाकुर और प्रियंशु दुबे मारे गए, जबकि STF का एक जवान श्री राम यादव शहीद हो गया।
मारे गए अपराधियों की पहचान और पिछला इतिहास
कुंदन ठाकुर और प्रियंशु दुबे दोनों ही चकिया थाना क्षेत्र के निवासी थे और उन पर आर्म्स एक्ट समेत कई गंभीर मामले दर्ज थे। जांच में पता चला कि मुठभेड़ से पहले कुंदन ठाकुर ने चकिया थाना के अपर थानाध्यक्ष को नेपाल के नंबर से फोन कर धमकी दी थी। फोन पर उसने कहा था कि पुलिस और अपराधियों की मुठभेड़ में कई पुलिसकर्मी मारे जाएंगे और अपराधी फरार हो जाएंगे।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
धमकी मिलने के तुरंत बाद पुलिस ने कॉल ट्रेसिंग शुरू की और अपराधियों का लोकेशन पता लगा लिया। इसके बाद STF और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और अपराधियों को चारों ओर से घेर लिया। घिरते देख कुंदन और प्रियंशु ने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में दोनों अपराधी मारे गए।
मुठभेड़ का विवरण और बरामदगी
मुठभेड़ में STF का जवान राम यादव शहीद हो गया। घटना के बाद इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया। DIG और SP सहित वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और मामले की जांच शुरू कर दी।
पुलिस ने मुठभेड़ स्थल से एक कार्बाइन, दो पिस्टल, दो कट्टा, पांच जिंदा कारतूस और सत्रह खोखा बरामद किए। इसके साथ ही दो अन्य अपराधी उज्ज्वल कुमार और संत कुमार तिवारी को गिरफ्तार किया गया। ये दोनों पिता-पुत्र बताए जा रहे हैं। मृतक अपराधी प्रियंशु दुबे मुजफ्फरपुर जिले के साहेबगंज थाना क्षेत्र के निवासी थे।

