- लंबाई 54 किमी, खर्च होंगे 1400 करोड़
रामबोल तोमर |
मेरठ: आखिर लंबे इंतजार के बाद मेरठ-पौढ़ी हाइवे पर आज से एनएचएआई निर्माण आरंभ कर रही है। यह निर्माण मेरठ-बहसूमा व बिजनौर व नजीबाबाद के बीच किया जाएगा। निर्माण आगरा की पीएनसी कंपनी करेगी। इस कंपनी को 1400 करोड़ में इसके निर्माण का टेंडर मिला है। मेरठ से नजीबाबाद के बीच 54 किमी का हाइवे बनाया जाएगा। दो वर्ष के बीच यह हाइवे तैयार करने का लक्ष्य दिया गया है।
इसके लिए जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया पूर्ण हो चुकी हैं। किसानों को जमीन का मुआवजा भी बाटा जा चुका हैं। अब तो सिर्फ निर्माण किया जाएगा। निर्माण रात-दिन चलेगा। इस बीच जितने भी पुल व पुलिया है, उनका भी नये सिरे से निर्माण किया जाएगा। यह हाइवे यूपी को उत्तराखंड से जोड़ने के बेहद महत्वपूर्ण रहेगा। एनएचएआई के प्रोजेक्ट मैनेजर डीके चतुर्वेदी ने भी इसकी पुष्टि की है।
उनका कहना है कि यहां के विकास में मेरठ-पौढ़ी हाइवे बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा। एक तरफ तो दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे कभी भी चालू हो सकता है, वहीं दूसरी तरफ मेरठ-पौढ़ी हाइवे के निर्माण आरंभ होने से उत्तराखंड के बीच का सफर कम समय में पूरा किया जा सकता हैं। नजीबाबाद होकर लोग हरिद्वार (उत्तराखंड) व अन्य हिस्सों में जा सकेंगे।
नजीबाबाद और बिजनौर के बीच सर्वप्रथम 27 किमी पर हाइवे का निर्माण कार्य आरंभ होगा। इसके अलावा मेरठ और बहसूमा के बीच भी निर्माण कार्य आरंभ किया जाएगा। इस तरह से एक साथ दो स्थानों पर निर्माण कार्य चलेगा। मेरठ व बिजनौर दोनों ही जनपदों में एक साथ कार्य आरंभ किया जाएगा। दोनों स्थानों पर पीएनसी कंपनी ही काम करेगी। पिछले एक वर्ष से हाइवे के लिए काम चल रहा था।
पहले जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया चली थी, जिसमें थोड़ा विवाद भी पैदा हो गया था। कुछ गांव के लोगों ने मुआवजे को लेकर तकरार कर दी थी। इसके बाद जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया लटक गई थी। प्रशासनिक स्तर पर विवाद सुलझाया गया, जिसके बाद ही हाइवे के लिए जमीन का अधिग्रहण कर लिया गया। अब 19 मार्च से हाइवे पर निर्माण का कार्य चलेगा।
मेरठ व मवाना के बीच कनेक्टिविटी भी आसान हो सकेगी। फिर इसी हाइवे से बहसूमा से भीकुंड (हस्तिनापुर) में तैयार हुआ पुल भी जनता के आवागमन के लिए सुगम बनेगा। वहां से मेरठ व मुरादाबाद के बीच की दूरी भी कम होगी। मेरठ से हस्तिनापुर होकर लोग मुरादाबाद जा सकेंगे। फिर मेरठ व बिजनौर के जो लोग बैराज से होकर घूमकर जाते थे, वो अब सीधे हस्तिनापुर से ही चांदपुर, मुरादाबाद उत्तराखंड में एंट्री कर सकेंगे।
मेरठ-पौढ़ी हाइवे एक नजर में
- मेरठ से नजीबाबाद के बीच बनेगा हाइवे
- लंबाई 54 किमी
- लागत 1400 करोड़
- चौड़ाई फोर लेन
- निर्माण पूरा करने का लक्ष्य दो वर्ष
- टेंडर कंपनी आगरा की पीएनसी
अब साढ़े पांच मीटर चौड़ी होगी तहसील मुख्यालय से जुड़ने वाली सड़कें
गांव को जोड़ने वाली तमाम सड़क अब साढ़े पांच मीटर चौड़ी बनेगी। इसके लिए प्रदेश सरकार ने आदेश जारी कर दिये हैं। पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों ने भी इसकी पुष्टि की है। अब तक गांव को जोड़ने वाली सड़क आमतौर पर तीन मीटर चौड़ी हुआ करती थी, लेकिन अब पीडब्लयूडी इन सड़कों का चौड़ीकरण करेगी।
इसके प्रस्ताव तैयार किये जाएंगे। प्रत्येक सड़कों का चौड़ीकरण किया जाएगा। अब इसके लिए पीडब्ल्यूडी सरकार से बजट की भी मांग करेगा। शासन के आदेश का पीडब्ल्यूडी के अधिकारी इन्तजार कर रहे हैं कि आखिर कब इसका आदेश आयेगा, जिसके बाद पीडब्ल्यूडी के अधिकारी सड़कों के चौड़ीकरण को लेकर प्लानिंग करेंगे। तीन मीटर चौड़ी सड़कों से दिक्कत पैदा होती थी।
दो वाहन भी मुश्किल से आपस में बच पाते थे। सड़क चौड़ीकरण होने के बाद इस तरह की दिक्कत भी खत्म होगी। तहसील मुख्यालय को जोड़ने वाली कई सड़क तीन मीटर चौड़ी हैं। अब उनके भी दिन बहुरेंगे। उनका भी चौड़ीकरण किया जाएगा। इस दिशा में पीडब्ल्यूडी के अधिकारी तेजी से कार्य करेंगे। इसकी पुष्टि अधिकारियों ने भी की है कि शासन स्तर से सड़कों के चौड़ीकरण के आदेश किये गए हैं।
इन आदेशों पर अब तो पालन होना बाकी है। वर्तमान में पीडब्ल्यूडी के पास काम भी कम है। क्योंकि ज्यादातर सड़कें एनएचएआई के पास चली गई हैं, जिसके चलते पीडब्लयूडी के पास कोई खास काम भी नहीं बचा। बागपत रोड पर एनएचएआई का काम चल रहा है।
मेरठ-करनाल हाइवे पर भी एनएचएआई काम कर रही है। वहां पर सड़क चौड़ीकरण के साथ हाइवे का निर्माण चल रहा है। नौ पुलों का भी निर्माण किया जाएगा। गंगनहर पटरी पर सरधना के गंगनहर पुल पर बुधवार को काम चालू होगा, जिसका विधिवत उद्घाटन भाजपा विधायक संगीत सोम करेंगे।
इसी तरह से मेरठ-पौड़ी मार्ग का निर्माण भी एनएचएआई कर रहा है। मेरठ-गढ़ रोड का निर्माण भी एनएचएआई करा रहा है। इस तरह से तमाम बड़े मार्गों का निर्माण एनएचएआई के पास है। छोटी सड़कें ही पीडब्लयूडी के पास है, जिनका चौड़ीकरण किया जाएगा।

