Friday, April 17, 2026
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हर्ष फायरिंग में बच्ची के पैर में लगी गोली

  • बली गांव में चढ़त के दौरान फायरिंग में हुआ हादसा
  • आनन-फानन में परिजनों ने कराया अस्पताल में भर्ती

जनवाणी संवाददाता |

मेरठ/परीक्षितगढ़: शादी विवाह और अन्य समारोह पर वैद्य अवैध असलाहों से फायरिंग करने का चलन पुराना है। ग्रामीण अंचलों में फायर करने का प्रचलन कुछ ज्यादा ही है। खुशी के मौके पर होने वाली फायरिंग से कभी कभी दुर्घटना भी घट जाती है। जिससे खुशी गम में बदल जाती है।

शादी विवाह पर फायरिंग से होने वाले हादसों को लेकर शासन द्वारा ऐसे अवसरों पर असलाहों से फायर करने पर पूरी तरह रोक लगा रखी है। नियम का उल्लघंन करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई का प्रावधान भी है। परंतु कई स्तर पर कमी के चलते शासन का यह नियम पूरी तरह से प्रभावी नहीं हो सका।

हालांकि शहर, कस्बों में तो शादी विवाह में फायर करने में कमी आई है, लेकिन ग्रामीण अंचलों में किसी नियम कानून की परवाह नहीं है। तिलक, लगुन, शादी आदि अवसरों पर ग्रामीण क्षेत्रों में जमकर फायरिंग की जाती है। फायर करने में ज्यादातर अवैध असलाहों का प्रयोग होता है।

शासन द्वारा शस्त्र के लाइसेंस निजी सुरक्षा के लिए दिये जाते हैं, लेकिन अधिकांश लोग इन शस्त्रों का प्रयोग रुतबा दिखाने के लिए भी करते हैं। असलाहों का प्रदर्शन शादी, विवाह में करने की एक वजह और होती है। क्योंकि इन अवसरों पर सगे संबंधियों से लेकर रिश्तेदारों की अच्छी खासी भीड़ होती है।

एक ऐसा ही मामला परीक्षितगढ़ का है। थाना क्षेत्र के गांव बली में शादी समारोह में चढ़त के दौरान दुल्हे पक्ष के लोगों ने हर्ष फायरिंग कर ली। जिसमें एक नौ वर्षीय बच्ची के पैर में गोली लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गई। बच्ची को गोली लगने से गांव में हड़कंप मच गया।

घायल अवस्था में परिजन उसे मेरठ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच की।

थाना क्षेत्र के गांव बली निवासी कृष्ण की पुत्री की बरात मंगलवार को थाना हस्तिनापुर के गांव गुड़ा से आई थी। मंगलवार दोपहर डीजे पर चढ़त के दौरान बरात जैसे ही गांव के मंदिर के समीप पहुंची, तभी दुल्हे पक्ष के लोगों ने तमंचे पर डिस्को कर रहे थे।

वहीं, चढ़त में एक युवक ने तमंचे से हर्ष फायरिंग कर दी। जिसमें चढ़त देख रही गांव की नौ वर्षीय बच्ची प्रिया पुत्री पप्पू के पैर में गोली लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गई और बरात में अफरा-तफरी मच गई। आनन-फानन में दुल्हन पक्ष के लोगों ने चढ़त को बंद कराते हुए घायल बच्ची को परीक्षितगढ़ के निजी अस्पताल में भर्ती कराया, लेकिन चिकित्सकों ने बच्ची को घायल अवस्था में मेरठ रेफर कर दिया।

बच्ची को मेरठ के नागर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हर्ष फायरिंग में बच्ची को गोली लगने से पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन दुल्हा-दुल्हन पक्ष के लोगों ने हर्ष फायरिंग की घटना से इनकार कर दिया। पुलिस मामले की जांच-पड़ताल करते हुए मेरठ नागर अस्पताल पहुंची।

मगर पीड़ित परिवार के लोगों ने घटना की तहरीर नहीं दी है। इस संबंध में थाना प्रभारी आनंद प्रकाश मिश्र ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। पीड़ित पक्ष की ओर से तहरीर आने पर कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

नहीं रुक रही हर्ष फायरिंग की घटनाएं

शादी समारोह में हर्ष फायरिंग पर पूर्णरूप से प्रतिबंध लगा हुआ है, लेकिन इसके बाद भी युवा हर्ष फायरिंग करने से बाज नहीं आ रहे हैं। हर्ष फायरिंग में कई लोगों की जान भी जा चुकी है। पुलिस आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई भी करती है।

इसके बाद भी हर्ष फायरिंग की घटना नहीं रुक रही हैं। यही समय होता है कि शस्त्र से फायरिंग कर लोगों के बीच रुतबा दिखाने का। शादी विवाह के अवसर पर असलाहों से फायरिंग करने पर पूरी तरह से रोक लगाने की क्षेत्र की जनता ने शासन से मांग की है।

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