पी चिदंबरम बोले, वैक्सीन सप्लाई की हो सीएजी ऑडिट
जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: देश में कोरोना वायरस की दूसरी भले ही धीमी पड़ गई हो लेकिन वैक्सीन को लेकर आ रहे नए-नए बयान चिंताजनक हैं। हाल ही में भारत बायोटेक कंपनी ने कहा कि वैक्सीन की सप्लाई और उत्पादन की प्रक्रिया जटिल है, इसलिए कोवैक्सीन की किल्लत देखी जा रही है। इस पर कांग्रेस नेता पी चिदंबरम ने वैक्सीन सप्लाई का कैग ऑडिट करने की सलाह दी है।
पी चिदंबरम ने ट्वीट कर लिखा कि “लापता टीके” का रहस्य हर दिन गहराता जा रहा है। टीकों के एक बैच के उत्पादन के लिए आवश्यक ‘लीड टाइम’ के बारे में भारत बायोटेक के बयान ने भ्रम को और बढ़ा दिया है।
उन्होंने आगे कहा कि ‘क्षमता’ एक चीज है और ‘उत्पादन’ एक अलग चीज है। हम दो घरेलू निर्माताओं द्वारा अब तक उत्पादित वास्तविक मात्रा के बारे में जानना चाहेंगे। एक बार जब हम वास्तविक उत्पादन को जान लेते हैं, तो हमें बताया जाना चाहिए कि तारीख-वार क्या आपूर्ति की गई है और किसे?
रविशंकर प्रसाद का पलटवार—————————————–
135 करोड़ की आबादी को वैक्सीन की खुराक देने में लगेगा समय
जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: देश में कोरोना महामारी के बीच वैक्सीन को लेकर राजनीति तेज हो गई है। विपक्ष जहां सरकार पर वैक्सीन सप्लाई रोकने का आरोप लगा रहा है, वहीं इस मामले पर अब सरकार ने भी सफाई दी है। केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा है कि भारत की 135 करोड़ की आबादी को वैक्सीन की खुराक देने में समय लगेगा। अमेरिका के बाद भारत वैक्सीन लगाने वाला सबसे बड़ा देश बन गया है। आने वाले अक्तूबर तक देश में 200 करोड़ से अधिक वैक्सीन की खुराक उपलब्ध हो जाएगी।

