- कड़ी मशक्कत के बाद दमकलकर्मियों ने पाया आग पर काबू
- सभी घायलों को अस्पताल में कराया गया है भर्ती
जनवाणी टीम |
सहारनपुर: बिहारीगढ़ थाना क्षेत्र के सतपुरा स्थित पटाखा फैक्ट्री में शुक्रवार सुबह भीषण आग लग गई। चपेट में आकर महिलाओं सहित आधा दर्जन मजदूर झुलस गए। हालत गंभीर होने पर तीन को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आग की सूचना पर एफएसवी तेजवीर सिंह दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे और बड़ी मशक्कत के बाद हालात पर काबू किया। बाद में डीएम-एसएसपी भी मौके पर गए।
बता दें कि बिहारीगढ़ क्षेत्र के दिल्ली-देहरादून हाईवे के निकट सतपुरा गांव आबाद है। यहां पर पिछले कुछ समय से पटाखा फैक्ट्री संचालित है। इसके स्वामी का नाम अमित कुमार बताया गया है। शुक्रवार को हादसा उस समय हुआ, जब सुबह पहली 8 बजे की शिफ्ट के लिए लगभग 150 से ज्यादा मजदूर फैक्ट्री में इकट्ठा थे।
मजदूरों में पचास से ज्यादा महिलाएं थीं। इसी दौरान फैक्ट्री में रखे बारूद में अचानक से आग लग गई। आग लगने के कारण जोरदार धमाका हुआ। इसके बाद फैक्ट्री में भगदड़ मच गई। आग बढ़ती चली गई। इस हादस में महिला सहित करीब आधा दर्जन मजदूर झुलस गए।

झुलसे हुए मजदूरों को फतेहपुर व हरौड़ा सीएचसी ले जाया गया। गंभीर रूप से झुलसे मनोज पुत्र नाथीराम, पूनम पत्नी गोवर्धन वह मांगी पत्नी टिंकू निवासी सतपुरा को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। इससे पहले हादसा होते ही आनन-फानन में फैक्ट्री का गेट खोला गया और फैक्टरी में मौजूद मजदूर बाहर निकल गए।
इसकी वजह से बड़ा हादसा होने से टल गया। हालांकि, सूचना के तुरंत बाद मौके पर दमकल की दो गाड़ियां पहुंच गईं। जिला मुख्यालय से एफएसओ तेजवीर सिंह दल-बल समेत मौके पर पहुंचे। अग्निशमनकर्मियों ने जान हथेली पर रखकर आग पर काबू पाया। एफएसओ तेजवीर सिंह लगातार नेतृत्व करते रहे। उनके भी हाथ झुलस गए।
तेजवीर सिंह ने बताया कि घंटों जूझने के बाद आग पर काबू पाया। हादसे की सूचना मिलते ही उप जिलाधिकारी दीप्ति देव यादव, एडिशनल एसपी अशोक कुमार मीणा, बेहट सर्किल के चारों थानों की पुलिस फोर्स, सीओ विजय पाल सिंह भी मौके पर पहुंचे। डीएम अखिलेश सिंह, एसएसपी डॉ एस चन्नप्पा ने अस्पताल पहुंच कर झुलसे हुए लोगो का हाल जाना।
उपचार के सम्बंध में आवश्यक दिशा निर्देश देने के बाद घटनास्थल पहुंच गए और पूरे मामले की जानकारी प्राप्त की।इसके अलावा डीएम भी मौके पर पर गए। भाजपा के पूर्व सांसद राघव लखनपाल व क्षेत्रीय विधायक, सांसद पुत्र, पूर्व सांसद सहित विभिन्न दलों के नेताओं ने पीड़ितों से मिलकर उनका हाल जाना।
फरार हो गया फैक्ट्री मालिक, ग्रामीणों ने रोष जताया
हादसे के बाद ग्रामीण पटाखा फैक्ट्री के बाहर जमा हो गए। ग्रामीणों का आरोप था कि पटाखा फैक्ट्री में सुरक्षा के इंतजाम पर्याप्त नहीं है। मजदूरों की सुरक्षा के लिए फैक्ट्री में पुख्ता इंतजाम नहीं किए गए हैं।बीमा और वेतन का मामला भी गड़बड़ है।आरोप लगाया कि हादसे के समय मालिक फैक्ट्री में मौजूद था। फैक्ट्री मालिक हादसे के बाद फरार हो गया। उन्होंने ये भी आरोप लगाया कि फैक्ट्री में सिर्फ पटाखा पैकिंग करने की अनुमति है इसकी आड़ में अवैध रूप से पटाखे बनाए जा रहे हैं।घटना के गुस्साए लोगों ने फेक्ट्री के बाहर खड़ी एक गाड़ी में तोड़फोड़ भी की।समय रहते बिहारीगढ़ थाना प्रभारी ने आक्रोशित भीड़ को शांत कराया और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने व घायलों को उचित मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया।
विधिक कार्रवाई की जा रही है। आग पर काबू पा लिया गया। कोई बड़ा हादसा नहीं होने पाया है। पटाखा बनाने में अगर कोई मानकों का उल्लंघन करेगा तो उस पर कार्रवाई अवश्य होगी। -तेजवीर सिंह, एफएसओ

