जनवाणी संवाददाता ।
सहारनपुर: रिज़र्व पुलिस लाइन्स में रविवार सुबह पुलिस झण्डा दिवस 2025 पूरी गरिमा और अनुशासन के साथ मनाया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आशीष तिवारी ने क्वार्टर गार्ड पर ध्वजारोहण कर समारोह की शुरुआत की और इसके बाद पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश का संदेश उपस्थित पुलिसकर्मियों को पढ़कर सुनाया। कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक ग्रामीण सागर जैन, पुलिस अधीक्षक यातायात समेत सभी शाखाओं के अधिकारी और कर्मचारी बड़ी संख्या में मौजूद रहे।
ध्वजारोहण के उपरान्त पुलिसकर्मियों द्वारा पुलिस ध्वज-प्रतीक (स्टिकर) को वर्दी की बाईं जेब के ऊपर धारण किया गया, जिसे बल की निष्ठा, सम्मान, कर्तव्यपरायणता और अनुशासन का द्योतक माना जाता है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार पुलिस ध्वज लाल और नीले रंग के संयोजन वाला है, जो शक्ति, साहस, समर्पण और सेवा की निरंतर परंपरा को दर्शाता है। 23 नवम्बर 1952 को भारत के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरू ने उत्तर प्रदेश पुलिस को यह ध्वज प्रदान किया था। इस ऐतिहासिक क्षण के साथ उत्तर प्रदेश देश का पहला ऐसा राज्य बन गया, जिसकी पुलिस को इस प्रकार का विशिष्ट ध्वज सम्मान प्राप्त हुआ।
ध्वज दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में अधिकारियों ने कहा कि यह ध्वज बलिदान, कर्तव्यनिष्ठा और सेवा की उस शाश्वत परंपरा की याद दिलाता है, जिसने उत्तर प्रदेश पुलिस को अपनी दृढ़ता, प्रतिबद्धता और अनुशासन के लिए देशभर में पहचान दिलाई है।समारोह के दौरान पुलिसकर्मियों ने ध्वज के समक्ष कर्तव्य-पथ पर अटल रहने, कानून-व्यवस्था को बनाए रखने, जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने और सर्वोच्च स्तर की ईमानदारी तथा समर्पण के साथ कार्य करने का संकल्प दोहराया।
अधिकारियों ने कहा कि पुलिस ध्वज केवल परंपरा का प्रतीक नहीं, बल्कि हर प्रहरी के मन में नई ऊर्जा, प्रेरणा और सेवा भावना का संचार करने वाला प्रेरक संदेश है, जो वर्दी पहनने वाले प्रत्येक जवान को राष्ट्रहित में सतत् सजग और समर्पित रहने की याद दिलाता है।

