- रोक लगाने की वजह कोरोना गाइड लाइन और ट्रैफिक का खतरा
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: पूर्व प्रधानमंत्री स्व. चौधरी चरण सिंह की बुधवार को जयंती है। पूर्व केन्द्रीय मंत्री चौधरी अजित सिंह व उनके परिजनों को किसान घाट पर स्थित पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह की समाधि पर पुष्पाजंलि अर्पित करने की अनुमति दिल्ली पुलिस ने नहीं दी है। दिल्ली पुलिस ने कहा है कि कोरोना की गाइड लाइन है, ऐसे में 50 लोगों को किसान घाट पर नहीं जाने दिया जाएगा।
चौधरी अजित सिंह ने एक पत्र लिखकर किसान घाट के लिए दिल्ली पुलिस कमिश्नर से अनुमति मांगी थी। दिल्ली पुलिस के रवैये से पूर्व केन्द्रीय मंत्री चौधरी अजित सिंह व रालोद के राष्ट्रीय महामंत्री जयंत चौधरी ने नाराजगी व्यक्त की है। उनका कहना है कि चौधरी चरण सिंह से किसानों की आस्था जुड़ी हुई है।
इस मौके पर किसानों को भी किसान घाट पर पुष्पांजलि अर्पित करने की अनमुति दी जानी चाहिए। जयंत चौधरी ने कहा कि उनके परिवार को अनुमति नहीं देकर केन्द्र सरकार तानाशाही कर रही है। सरकार की तानाशाही को किसान कतई बर्दाश्त नहीं करेगा।

अटल की जयंती पर तीन दिन कार्यक्रम
पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की आगामी 25 दिसंबर को जयंती है। इसके लिए प्रदेश सरकार ने तीन दिन अलग-अलग कार्यक्रम सरकारी विभागों में करने के आदेश दिये हैं। तीन दिन तक कार्यक्रम चलेंगे। इस दौरान कोरोना से किसी को दिक्कत नहीं होगी।
यही नहीं, चौधरी चरण सिंह यूनिवर्सिटी में पहली बार ऐसा हो रहा है जब पूर्व प्रधानमंत्री स्व. चरण सिंह की जयंती पर सात दिन कार्यक्रम आयोजित किये जाते थे। बाद में ये कार्यक्रम तीन दिन कर दिये गए, मगर वर्तमान में तो यूनिवर्सिटी की तरफ से एक भी कार्यक्रम पूर्व प्रधानमंत्री स्व. चौधरी चरण सिंह की जयंती पर नहीं करेगा। इसकी वजह कोरोना गाइडलाइन बताई गई है।

