जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने सोमवार को दिल्ली पुलिस के एक डीसीपी का पुराना वीडियो सोशल मीडिया पर साझा कर पुलिस के व्यवहार पर सवाल उठाए। वीडियो में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान डीसीपी गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई को ‘साहब’ कहकर संबोधित करते नजर आ रहे हैं। दिपके ने इस वीडियो के आधार पर पुलिस के व्यवहार को लेकर टिप्पणी की और छात्रों तथा प्रदर्शनकारियों के साथ उसके रवैये पर सवाल उठाए।
अभिजीत दिपके ने क्या कहा?
अभिजीत दिपके ने अपनी पोस्ट में लिखा, ‘लॉरेंस बिश्नोई साहब! गैंगस्टरों के लिए दिल्ली पुलिस के मन में कितना सम्मान है। काश, वे छात्रों और कार्यकर्ताओं के प्रति भी इसका 10% सम्मान दिखाते, जो सिर्फ विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं।’ दिपके की इस टिप्पणी के बाद पुलिस के व्यवहार और प्रदर्शनकारियों के साथ उसके रवैये को लेकर चर्चा शुरू हो गई।
“Lawrence Bishnoi Sahab”
The respect Delhi Police has for gangsters…
Wish they showed even 10% of this courtesy to students and activists who are doing nothing but protest. https://t.co/znv66dxoNI
— Abhijeet Dipke (@abhijeet_dipke) October 19, 2026
अगस्त 2025 का पुराना वीडियो फिर चर्चा में
यह वीडियो अगस्त 2025 के आखिरी दिनों में भी वायरल हुआ था। अब मुंबई में अभिनेता टाइगर श्रॉफ को निशाना बनाकर की गई गोलीबारी की घटना के बाद यह वीडियो एक बार फिर सामने आया है। इस घटना की जिम्मेदारी लेने का दावा करने वाली एक सोशल मीडिया पोस्ट भी चर्चा में है।
हालांकि, सोशल मीडिया पर सामने आए दावों की स्वतंत्र पुष्टि होना अभी बाकी है।
गोलीबारी की जिम्मेदारी लेने का दावा
रिपोर्ट के मुताबिक, लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ा बताया जा रहा अनिल पंडित के नाम वाला एक संदेश सामने आया है। इसमें दावा किया गया है कि अनिल पंडित और हरमन संधू ने गोलीबारी की जिम्मेदारी ली है। इस संदेश की प्रामाणिकता की जांच की जा रही है।
फिल्म इंडस्ट्री को भी दी गई धमकी का दावा
सामने आए संदेश में दावा किया गया है कि अभिनेता से पहले भी संपर्क कर उन्हें चेतावनी दी गई थी, लेकिन उन्होंने उसे नजरअंदाज कर दिया। संदेश में मुंबई की फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े लोगों को भी धमकी देने की बात कही गई है।
दावे के मुताबिक, गैंग की मांगों को नहीं मानने या अभिनेता सलमान खान के साथ काम जारी रखने वाले लोगों को निशाना बनाने की चेतावनी दी गई है। हालांकि, इन दावों की पुष्टि संबंधित जांच एजेंसियों की ओर से होना बाकी है।
सोशल मीडिया पोस्ट की जांच जारी
संदेश में कथित तौर पर विरोधी गिरोह के सदस्यों को धमकियां भी दी गई हैं। साथ ही लॉरेंस बिश्नोई गिरोह और उससे जुड़े बताए जाने वाले लोगों का उल्लेख करने वाले हैशटैग इस्तेमाल किए गए हैं।
पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां सोशल मीडिया पर सामने आए संदेशों के स्रोत तथा फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े लोगों को दी गई कथित धमकियों की जांच कर रही हैं। मामले में सामने आने वाले दावों की पुष्टि जांच के निष्कर्षों के आधार पर ही हो सकेगी।

