- सामाजिक संगठनों के सुझाव कर कमिश्नर ने लिया निर्णय
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: शहर में घर-घर से कूड़ा उठाने वाली गाड़ियों के पीछे अब बहुत जल्द आपकों एक बॉक्स लगा नजर आएगा। इस बॉक्स पर ‘गाय की रोटी’लिखा होगा। यानी अब घर के कूड़े के साथ ही गोशाला में रहने वाले गोवंश के लिए आप रोटी भी भेज सकेंगे। मंडलायुक्त ने शहर के कुछ सामाजिक संगठनों के सुझाव पर नगर निगम के कूड़े वाले वाहनों पर बॉक्स लगाने का निर्णय लिया है। इसके लिए कमिश्नर की ओर से नगरायुक्त को निर्देश दिए गए हैं। शीघ्र ही इस पर प्रभावी रुप से अमल होता भी दिखाई पड़ सकता है।
फिलहाल शहर में डोर-टू-डोर कूड़ा प्रबंधन के लिए 15 वार्डों में प्राइवेट कंपनी कार्य कर रही है। कूड़ा कलेक्शन के लिए 250 वाहन खरीदे गए हैं। भविष्य में इनकी संख्या और बढ़ सकती है। अभी तक जो वाहन कूड़ा कलेक्शन में लगे हैं, वह सिर्फ घर, दुकान और व्यवसायिक प्रतिष्ठानों का सूखा और गीला कूड़े का कलेक्शन कर रहे हैं। इन ही वाहनों पर पीछे साइड में एक पेटी नुमा बॉक्स लगाया जाएगा।
यह पेटी केवल गोशाला में रहने वाले गोवंश के लिए रोटी डालने की होगी। स्वेच्छा से जो नागरिक चाहेगा वह गाय के लिए रोटी बॉक्स के अंदर डाल सकेगा। समाजाकि संगठन संयुक्त व्यापार समिति और भारतीय वैश्य संगम के सुझाव पर कमिश्नर सुरेन्द्र सिंह ने कूड़ा गाड़ियों के पीछे रोटी बॉक्स बनवाने का निर्णय लिया। इस संबंध में नगरायुक्त मनीष बंसल को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। हालांकि अभी तक नगर निगम प्रशासन की ओर से इसकी पुष्टि नहीं की गई है कि गाय की रोटी का बॉक्स कब तक गाड़ियों पर लगाया जाएगा।

