जनवाणी संवाददाता |
बड़ौत: रमाला थाना क्षेत्र के असारा गांव में शादीशुदा प्रेमी युगल के घर से फरार होने के बाद अलग-अलग गांव के जंगल में शव मिले। मामला ऑनर किलिंग का है। हत्या करने के बाद युवती का भाई ने रमाला थाने में पहुंचकर सरेंडर कर दिया। उसने बताया कि उनके गांव में किरकिरी हो रही थी, तो इज्जत की खातिर दोनों को मार दिया।
रमाला थाना क्षेत्र के असारा गांव निवासी ताहिर की पुत्री महजब (28) की शादी शामली जिले के गंगेरू गांव निवासी के साथ करीब 8 वर्ष पहले हुई थी। साजिद महजबी के साथ कांधला में रहता था। साजिद फर्नीचर का काम करता है। वहीं दूसरी ओर असारा गांव निवासी आरिफ पुत्र मुस्ताक (26) और महजबी के बीच प्रेम प्रसंग हो गया। आरिफ भी शादीशुदा था। उसके तीन बच्चे हैं। मजहबी के भी तीन बच्चे हैं।
एक लड़का व दो लड़की हैं। आरिफ क मजहबी दोनो चोरी छिपे मिलते रहे। दोनों के शव पुलिस ने बरामद किए। आरिफ का शव लूंब गांव के जंगल में मिला। जबकि मजहबी का शव असारा गांव के जंगल में मिला था। पुलिस ने दोनों शव को मजहबी के भाई मुरसलीन से पूछताछ के बाद बरामद किए। मुरसलीन ने दोनों की हत्या करने के बाद रमाला थाने में पहुंचकर मंगलवार रात्रि में सरेंडर कर दिया था।
कुछ दिन पहले महजबी कांधला से कुछ दिन पहले अपने तीनों बच्चों के साथ असारा मायके आ गई थी। महजबी की मां ताजबानो ने बताया कि करीब 20 दिन पहले उसकी बेटी मजहबी को आरिफ व उसके परिवार वाले घर से साथ ले गए थे। उन्होंने चेतावनी दी कि वह उनकी लड़की को अपनी बहू बना कर रखेंगे।
तब से मजहबी व आरिफ का कोई पता नहीं लग रहा था। उसने बताया कि वह सहारनपुर में रह रहे थे। ताजबानों ने बताया की उसे घटना का पता सुबह ही चला कि उसकी बेटी की हत्या हो गई है। मामला ऑनर कीलिंग का होने को लेकर पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे। मामले में छानबीन की जा रही हैं। हत्यारों ने आरिफ व मजहबी की हत्या किसी धारदार हाथियार से की।

