जनवाणी ब्यूरो |
यूपी: रायबरेली के लोधवारी में सांसद राहुल गांधी ने बहुजन नेता वीरा पासी की प्रतिमा का लोकार्पण किया और बहुजन स्वाभिमान सभा को संबोधित किया। अपने संबोधन में उन्होंने भाजपा, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर कड़ी आलोचना की। राहुल गांधी ने हाथ में संविधान की प्रति लेकर कहा कि भाजपा, प्रधानमंत्री और आरएसएस इसे फाड़ने और नजरअंदाज करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि आरएसएस तो पहले ही संविधान को नुकसान पहुँचा चुका है।
राहुल गांधी के 5 प्रमुख बयान
1. संविधान की महत्ता और भावुक अपील
राहुल गांधी ने कहा कि संविधान केवल कागज का पन्ना नहीं है, बल्कि इसमें डॉ. भीमराव अंबेडकर, महात्मा गांधी और वीरा पासी जैसे अनेक नेताओं का खून-पसीना शामिल है। उन्होंने जोर देकर कहा कि संविधान देश की आत्मा है और इसकी रक्षा करना हर नागरिक का कर्तव्य है।
2. आर्थिक संकट और सरकार पर धोखे का आरोप
उन्होंने देश की आर्थिक स्थिति पर गंभीर चिंता व्यक्त की और कहा कि देश के सामने बड़ा आर्थिक तूफान आने वाला है। उन्होंने प्रधानमंत्री और गृहमंत्री पर देश के साथ धोखा करने का आरोप लगाया। हालांकि, उनके द्वारा “ट्रंप की बात मानकर देश के साथ द…” अधूरा छोड़ दिया गया, जिससे यह स्पष्ट नहीं है कि यह किस विशेष नीति या समझौते से जुड़ा था।
3. आर्थिक भविष्य और सामाजिक न्याय पर चिंता
राहुल गांधी ने अपने भाषण में संविधान की अस्मिता और देश के आर्थिक भविष्य को लेकर गंभीर चिंताएं व्यक्त कीं। उन्होंने अपनी पार्टी के पारंपरिक वोट बैंक को एकजुट करने और भाजपा के प्रति विरोध को मजबूत करने का प्रयास किया। वीरा पासी जैसी ऐतिहासिक हस्तियों को याद कर उन्होंने सामाजिक न्याय और पिछड़ों के अधिकारों पर भी जोर दिया।
4. पार्टी हर परिस्थिति में परिवार के साथ खड़ी रहेगी
राहुल गांधी ने कांग्रेस के दिवंगत पूर्व जिला अध्यक्ष योगेंद्र मिश्र के परिवार से मुलाकात की और शोक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि यह दुख केवल परिवार का नहीं, बल्कि पूरे कांग्रेस परिवार का है। राहुल गांधी ने भरोसा दिलाया कि पार्टी हर परिस्थिति में परिवार के साथ खड़ी रहेगी। इस दौरान अमेठी सांसद किशोरी लाल शर्मा और कई कांग्रेस कार्यकर्ता भी मौजूद थे।
5. संविधान हिंदुस्तान की आवाज
गौरीगंज क्षेत्र के तेजी का पुरवा में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन में राहुल गांधी ने केंद्र सरकार, भाजपा और आरएसएस पर तीखा हमला किया। उन्होंने कहा कि देश की रक्षा संविधान करता है और पिछले 12 वर्षों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार ने लगातार संविधान पर हमला किया है।
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि आरएसएस से जुड़े लोग विश्वविद्यालयों में वाइस चांसलर बनाए जा रहे हैं और देश की संस्थाओं को कमजोर किया जा रहा है। उन्होंने उद्योगपतियों गौतम अडानी और मुकेश अंबानी का जिक्र करते हुए कहा कि अब वे देश को नहीं बचा सकते। किसानों की समस्याओं को अनदेखा किया जा रहा है, और वोट चोरी तथा उद्योगपतियों को लाभ देना संविधान पर हमला है।
उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा, “संविधान हिंदुस्तान की आवाज है।” उन्होंने अमेठी के साथ अपने पुराने संबंधों का जिक्र किया और भरोसा दिलाया कि अगली बार वे अपनी बहन प्रियंका गांधी को भी साथ लेकर आएंगे।

