जनवाणी संवाददाता |
नानौता: सोमवती अमावस्या के पावन पर्व पर संगम स्थल कुंआखेड़ा में भारी संख्या में श्रद्धालुओं द्वारा संगम में स्नान करके पुण्य लाभ कमाया । संगम स्थल पर अपेक्षित विकास न होने से आज भी ग्रामीणों में रोष है।
सोमवार को सोमवती अमावस्या के अवसर पर क्षेत्र व दूरदराज से पंहुचने श्रृद्धालुओं ने हर हर गंगे के जयघोष के साथ डुबकी लगाकर धर्म लाभ उठाया।
इस दौरान संगम विकास धार्मिक सेवा समिति के अध्यक्ष पं0 रामेश्वर दत्त शर्मा ने विगत दशकों से इस धार्मिक स्थल के विकास हेतु प्रयासरत रहे हैं लेकिन उसके बाद भी क्षेत्रीय प्रतिनिधि इस धार्मिक स्थल के विकास हेतु उदासीनता का व्यवहार कर रहे हैं।
पूर्व उपप्रमुख ठा0 बिजेन्द्र सिंह पुण्डीर ने कहा कि संगम पर हमारी बहुबेटियों.के स्नान के उपरांत कपडे बदलने हेतु स्थान हेतु क्षेत्रीय विधायक और सांसद महोदय को कई बार अ्वगत कराया जा चुका है।
पूर्व चैयरमेन कुलदीप सिंह ने गांव कुंआखेडा से संगम स्थल तक राजबाहे की सम्पर्क मार्ग हेतु सा्सद प्रदीप चौधरी से मार्ग निर्माण हेतु निवेदन किया गया क्योंकि इस सम्पर्क मार्ग में कुछ हिस्सा कुआखेडा कुछ हिस्सा जिला शामली के गांव गंदेवडा का आता है।
ठा . बलराम सिंह ने भी संगम कुंआखेडा क्षेत्र का महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल बन जाने के कारण इसे पर्यटन.स्थल घोषित करने की मुख्यमंत्री योगी जी से मांग की गई। पूर्व प्रधान ओमबीर सिंह ने कहा कि जनप्रतिनिधियों की इस क्षेत्रीय धार्मिक स्थल की उपेक्षा उचित नही है।
स्नान करके धार्मिक पुण्य लाभ लेने में नरेंद्र दत्त शर्मा, संदीप पुंडीर, सुभाष सिंह, मदनपाल कश्यप, बद्रीनारायण ठा भूपेन्द्र सिंह, कुलदीप सिंह, शेरपाल सिंह, पूर्व प्रधान देवेन्द्र सिंह, समाजसेवी प्रमोद राणा, दुष्यंत राणा आदि भारी संख्या में श्रद्धालुओं द्वारा स्नान करके पुण्य लाभ. प्राप्त किया गया।

