- बाबा साहब के थे तीन मूल मंत्र-शिक्षित बनो,संगठित रहो,संघर्ष करो: नरेन्द्र रवि
- 64 वां महापरिनिर्वाण दिवस मनाया
जनवाणी संवाददाता |
नजीबाबाद: अम्बेडकर शिक्षित, संगठित, संघर्ष, सेवा समिति के तत्वावधान में संविधान निर्माता, बोधिसत्व बाबा साहेब डॉ भीमराव अम्बेडकर का 64वां महापरिनिर्वाण दिवस मनाया गया, तथा समाज व देश के लिए किए कार्यो पर चर्चा की गयी।
रविवार को मौहल्ला रमपुरा के रविदास बस्ती में अम्बेडकर स्थल पर भारत रत्न, बहुजनों के मसीहा,
विश्वरत्न,डॉ भीमराव अंबेडकर के व्यक्तित्व व देश में किये गये ऐतिहासिक कार्यों का वर्णन किया गया और उनके चित्र पर पुष्प अर्पित करते हुए उन्हें श्रद्धा पूर्वक श्रद्धांजलि दी गयी |
अम्बेडकर शिक्षित संगठित संघर्ष सेवा समिति के अध्यक्ष व बहुजन वालिंटियर फोर्स के विधान सभा क्षेत्र संयोजक नरेन्द्र कुमार रवि ने कहा कि डॉ भीमराव अंबेडकर का संघर्ष मय जीवन, देश के सभी नागरिको के लिए प्ररेणास्त्रोत हैं| क्योंकि बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर ने विश्व का सबसे बड़ा संविधान लिख कर सभी को समान अधिकार दिया|
उन्होंने हिन्दू कोड बिल बनाकर महिलाओ को बराबरी का अधिकार दिया जिसकी वजह से आज महिलऐ हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं| नरेन्द्र कुमार रवि ने आगे कहा कि डॉ भीमराव अंबेडकर के बताये तीन मंत्र शिक्षित बनो, संगठित रहो, संघर्ष करो पर चल कर जीवन सफल कर सकते हैं। यही सच्ची श्रद्धांजलि होगी|
इस मौके पर नरेन्द्र कुमार रवि, चित्रा, राकेश, अभिषेक कुमार, विशाल, अदिति, अरनव, ज्ञानेश्वर दत्त, अंकित कुमार, सुधीर कुमार, मुकेश कुमार, चिरंजी, कांता, सुनिता आदि ने डॉ भीमराव अम्बेडकर जी के चित्र पर पुष्प अर्पित किये|

