Tuesday, April 21, 2026
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Dhanteras 2025: धनतेरस का पर्व आज, ब्रह्म योग में खरीदारी का शुभ मुहूर्त, जानें क्या खरीदें, क्या नहीं

नमस्कार, दैनिक जनवाणी डॉटकॉम वेबसाइट पर आपका हार्दिक स्वागत और अभिनंदन है। आज यानी 18 अक्तूबर, शनिवार से दीपावली के पंचदिवसीय उत्सव की शुरुआत हो रही है। पहले दिन मनाया जाने वाला धनतेरस सनातन धर्म में अत्यंत शुभ पर्व माना गया है। कार्तिक मास की कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को पड़ने वाला यह दिन धन, स्वास्थ्य और समृद्धि के आगमन का प्रतीक है। ज्योतिषीय दृष्टि से भी यह दिन विशेष है, क्योंकि आज ब्रह्म योग और बुधादित्य योग का शुभ संयोग बन रहा है, जो आर्थिक प्रगति और भाग्यवृद्धि के लिए अत्यंत अनुकूल माना गया है। इस अवसर पर श्रद्धालु माता लक्ष्मी, भगवान कुबेर और भगवान धन्वंतरि की पूजा-अर्चना कर सुख, समृद्धि और आरोग्य की कामना करते हैं।

धनतेरस का महत्व केवल पूजा तक सीमित नहीं है, बल्कि यह दिन घर में सकारात्मक ऊर्जा और समृद्धि को आमंत्रित करने का अवसर भी है। परंपरागत रूप से इस दिन सोना-चांदी, धातु के बर्तन, झाड़ू, औषधियाँ, और घरेलू उपयोग की वस्तुएं खरीदी जाती हैं, जो सौभाग्य का प्रतीक मानी जाती हैं। साथ ही, कुछ ऐसी वस्तुएं भी हैं जिन्हें इस दिन खरीदना वर्जित माना गया है। ऐसा माना जाता है कि धनतेरस पर सोच-समझकर की गई खरीदारी न सिर्फ शुभ फल देती है, बल्कि घर में लक्ष्मी का स्थायी वास भी सुनिश्चित करती है।

धनतेरस पर खरीदें ये चीजें

सोने या चांदी के सिक्के: धनतेरस पर सोने या चांदी के सिक्के खरीदना शुभ माना जाता है, विशेष रूप से उन सिक्कों पर अगर देवी लक्ष्मी और भगवान कुबेर की छवि बनी हो। यह घर में धनवृद्धि और आर्थिक स्थिरता का प्रतीक होता है।

बर्तन: इस दिन पीतल, तांबे या स्टील के बर्तन खरीदना समृद्धि और शुद्धता का प्रतीक माना गया है। बर्तनों को खरीदकर उसमें कुछ दाने चावल या जल डालकर घर लाने की परंपरा भी है, जो शुभता को बढ़ाता है।

नई झाड़ू: सनातन मान्यताओं में झाड़ू को मां लक्ष्मी का एक रूप माना गया है। धनतेरस के दिन नई झाड़ू खरीदना दरिद्रता और नकारात्मक ऊर्जा को घर से बाहर करने का प्रतीक है।

इलेक्ट्रॉनिक सामान: मोबाइल, लैपटॉप, टीवी, वॉशिंग मशीन जैसे घरेलू उपकरण इस दिन खरीदना शुभ फलदायी माना जाता है। यह आधुनिक जीवन में सुविधा और तकनीकी समृद्धि का प्रतीक है।

वाहन या नई धातु की वस्तुएं: धनतेरस पर नया वाहन, स्कूटर, बाइक या कार आदि खरीदना भी शुभ माना जाता है। यह नई शुरुआत और उन्नति का संकेत होता है। साथ ही कोई भी नई धातु की वस्तु जैसे ताले, तिजोरी, किचन आइटम्स आदि भी खरीदी जा सकती हैं।

धनतेरस पर न खरीदें ये चीजें

कांच के सामान: कांच की वस्तुएं बेहद नाजुक होती हैं और इनके टूटने का डर हमेशा बना रहता है। शास्त्रों में इन्हें अशुभ माना गया है क्योंकि टूटना नकारात्मकता और दुर्भाग्य का संकेत माना जाता है।

एल्यूमिनियम और लोहे के बर्तन: एल्यूमिनियम और लोहे को अशुद्ध धातु माना गया है, खासकर धार्मिक दृष्टिकोण से। ये बर्तन धनतेरस जैसे पवित्र दिन की ऊर्जा के अनुकूल नहीं माने जाते।

काले रंग की वस्तुएं: काले रंग को नकारात्मक ऊर्जा से जुड़ा हुआ माना जाता है। इसलिए इस दिन काले कपड़े, जूते या अन्य काली वस्तुओं की खरीद से परहेज करना चाहिए।

तेज या नुकीली चीजें: चाकू, कैंची, तलवार जैसे तेज या काटने वाले उपकरण भी इस दिन नहीं खरीदे जाते। इन्हें क्लेश और रिश्तों में कटुता का प्रतीक माना गया है।

खरीदारी का मुहूर्त

प्रथम मुहूर्त: सुबह 8:50 बजे से 10:33 बजे तक
द्वितीय मुहूर्त: सुबह 11:43 बजे से दोपहर 12:28 बजे तक
तृतीय मुहूर्त: शाम 7:16 बजे से रात 8:20 बजे तक

शुभ चौघड़िया मुहूर्त

शुभ काल: सुबह 7:49 बजे से 9:15 बजे तक

लाभ (उन्नति) मुहूर्त: दोपहर 1:32 बजे से 2:57 बजे तक#

अमृत काल: दोपहर 2:57 बजे से शाम 4:23 बजे तक

चर काल: दोपहर 12:06 बजे से 1:32 बजे तक

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